नाक की हड्डी बढ़ने का कारण क्या होता है? जानें, लक्षण और इसे ठीक करने के तरीके

नाक की हड्डी बढ़ने पर कई तरह की परेशानी हो सकती है। इस परेशनी के कई कारण हैं। इस विषय पर डॉक्टर से विस्तार से जानते हैं-

WrittenBy

Written By: Kishori Mishra | Published : April 10, 2026 4:00 PM IST

WrittenBy

Medically Verified By: Dr. Deepanshu Gurnani

नाक हमारे चेहरे का एक अहम हिस्सा माना जाता है और इसकी बनावट में किसी भी तरह का बदलाव सीधे तौर पर चेहरे की सुंदरता और सांस लेने की प्रक्रिया को प्रभावित करता है। कई लोगों में नाक की हड्डी बढ़ने या टेढ़ी होने की समस्या देखी जाती है, जिसे आम भाषा में नाक की हड्डी बढ़ना कहा जाता है। इस स्थिति को मेडिकल भाषा में नेज़ल बोन डिफॉर्मिटी या डेविएटेड सेप्टम के रूप में जाना जाता है।

जयपुर स्थित नारायणा हॉस्पिटल के सीनिरयर कंसल्टेंट ईएनटी ऑन्कोलॉजी डॉ. दीपांशु गुरनानी का कहना है कि नाक के अंदर एक पतली हड्डी और कार्टिलेज की दीवार पाई जाती है, जिसे सेप्टम कहा जाता है। जब यह दीवार एक तरफ झुक जाती है या असामान्य रूप से बढ़ जाती है, तब नाक की संरचना में बदलाव देखा जाता है। इस स्थिति में सांस लेने में परेशानी महसूस की जाती है और नाक बंद रहने की समस्या भी बनी रहती है।

नाक की हड्डी बढ़ने के कारण क्या हैं?

नाक की हड्डी बढ़ने के पीछे कई कारण जिम्मेदार माने जाते हैं, आइए जानते हैं इन कारणों के बारे में-

  • जन्मजात समस्याओं के कारण नाक की हड्डी बढ़ने लगती है। डॉक्टर कहते हैं कि कुछ लोगों में यह स्थिति जन्म से ही पाई जाती है, जहां नाक का सेप्टम सही तरीके से विकसित नहीं होता।
  • चोट या एक्सीडेंट के कारण भी नाक की हड्डी बढ़ने लगती है। नाक पर किसी भी प्रकार की चोट लगने से हड्डी का आकार बदल जाता है और यह धीरे धीरे टेढ़ी या बढ़ी हुई दिखाई देती है।
  • उम्र के साथ होने वाले बदलाव होते हैं। जैसे जैसे उम्र बढ़ती है, नाक की संरचना में हल्का बदलाव देखा जाता है, जिससे हड्डी का असंतुलन महसूस किया जाता है।
  • कुछ मामलों में बार बार होने वाले संक्रमण भी कारण बनते हैं। बार बार साइनस या एलर्जी की समस्या रहने से नाक के अंदर सूजन बनी रहती है, जो समय के साथ हड्डी के आकार को प्रभावित करती है।

किन लक्षणों पर ध्यान दिया जाता है?

नाक की हड्डी बढ़ने पर कई लक्षण महसूस किए जाते हैं।

  1. सबसे आम लक्षण सांस लेने में दिक्कत होता है। व्यक्ति को एक नथुने से कम और दूसरे से ज्यादा सांस आती है।
  2. नाक बंद रहना भी एक प्रमुख संकेत माना जाता है। मुख्य रूप से रात के समय यह समस्या ज्यादा बढ़ती है।
  3. इसके अलावा बार बार साइनस इंफेक्शन होना।
  4. सिरदर्द और खर्राटे आना
  5. नाक से खून आना, इत्यादि जैसे लक्षण भी देखे जाते हैं।

कुछ लोगों में चेहरे की बनावट में बदलाव भी नजर आता है, जिससे आत्मविश्वास पर असर पड़ता है।

नाक की हड्डी बढ़ने का इलाज कैसे किया जाता है?

डॉक्टर कहते हैं कि इस समस्या का इलाज इसके कारण और गंभीरता के आधार पर तय किया जाता है। हल्के मामलों में दवाओं और लाइफस्टाइल में बदलाव से राहत दी जाती है। डॉक्टर द्वारा नेज़ल स्प्रे, एंटी एलर्जिक दवाएं और स्टीम इनहेलेशन की सलाह दी जाती है।

अगर समस्या ज्यादा गंभीर पाई जाती है, तो सर्जरी की जरूरत महसूस की जाती है। इस प्रक्रिया को सेप्टोप्लास्टी कहा जाता है, जिसमें नाक के अंदर की टेढ़ी हड्डी को सीधा किया जाता है। यह एक सुरक्षित और प्रभावी तरीका माना जाता है, जिससे सांस लेने में सुधार देखा जाता है।

घरेलू उपायों से कैसे राहत पाई जाती है?

हल्की परेशानी में कुछ घरेलू उपाय भी मददगार साबित होते हैं।

  • भाप लेने से नाक की सूजन कम की जाती है और सांस लेने में आसानी महसूस की जाती है।
  • नमक के पानी से नाक साफ करने की प्रक्रिया को भी अपनाया जाता है, जिससे अंदर जमा धूल और एलर्जी के कण बाहर निकाले जाते हैं।
  • साथ ही, धूल और प्रदूषण से बचाव किया जाता है और मास्क पहनने की आदत डाली जाती है।

कब डॉक्टर से संपर्क करें?

अगर लंबे समय तक नाक बंद रहने की समस्या बनी रहती है, बार बार संक्रमण होता है या सांस लेने में ज्यादा परेशानी महसूस की जाती है, तो डॉक्टर से जांच कराई जाती है। समय पर इलाज करने से जटिलताओं से बचाव किया जाता है।

नाक की हड्डी बढ़ने की समस्या को नजरअंदाज नहीं किया जाता। सही समय पर इसके कारणों को समझा जाता है और उचित इलाज अपनाया जाता है। हल्के मामलों में दवाओं और घरेलू उपायों से राहत दी जाती है, जबकि गंभीर स्थिति में सर्जरी को प्रभावी विकल्प माना जाता है। सही देखभाल और जागरूकता से इस समस्या को नियंत्रित किया जाता है और बेहतर जीवन गुणवत्ता बनाए रखी जाती है।

Highlights

  • चोट लगने के कारण भी नाक की हड्डी बढ़ सकती है।
  • नाक की हड्डी बढ़ने से कुछ लोगों को ब्लड निकल सकत है।
  • सिरदर्द या  खर्राटे आना भी नाक की बढ़ती हड्डी के संकेत हो सकते हैं।

Disclaimer : प्र‍िय पाठकों यह आर्ट‍िकल केवल सामान्‍य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसल‍िए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए ज‍िम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

FAQs

नाक की हड्डी का देसी इलाज क्या है?

नाक की हड्डी बढ़ने पर स्टीम लें सकते हैं। इसके अलावा नमक के पानी से साफ करने से फायदेमंद हो सकता है।

नाक की हड्डी बढ़ने से क्या दिक्कत होती है?

नाक की हड्डी बढ़ने पर कुछ लोगों को सांस लेने में परेशानी हो सकती है। वहीं, नाक से खून आना, खर्टाटे आने जैसी दिक्कतें हो सकती हैं।

रीड की हड्डी का टेढ़ापन कैसे दूर करें?

इसके लिए फिजियोथेरेपी, ब्रेसिंग (बच्चों में), व्यायाम और दर्द प्रबंधन का उपयोग किया जाता है।

बच्चों की हड्डी कमजोर क्यों होती है

छोटे बच्चों की हड्डियां विकसित हो रही होती हैं और इसलिए पूरी तरह से विकसित न हुई होने के कारण वयस्कों की तुलना में उनकी हड्डियां कमजोर होती हैं।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source

Disclaimer: The content on TheHealthSite.com is only for informational purposes. It is not at all professional medical advice. Always consult your doctor or a healthcare specialist for any questions regarding your health or a medical condition.