
मुकेश शर्मा
मुकेश शर्मा दिल्ली यूनिर्विसिटी से जर्नलिज्म डिग्री होल्डर हैं और पिछले 8 साल से Health Journalism से जुड़े हुए ... Read More
Written By: Mukesh Sharma | Published : April 16, 2026 6:21 PM IST
causes of nosebleed in summer
Garmiyon me Nakseer Aane ka Karan: गर्मियां शुरु हो गई हैं और अब धीरे-धीरे गर्मियों से जुड़ी समस्याएं भी होने लगेंगी। लेकिन हम पसीना और स्किन एलर्जी जैसी गर्मियों की आम समस्याओं की नहीं, बल्कि नकसीर फूटने जैसी गंभीर समस्याओं की बात कर रहे हैं। अक्सर लोगों को ज्यादा गर्मियों में नकसीर आने की समस्याएं होने लगती हैं, जो कि कोई आम समस्या नहीं होती और लोग उसे गर्म हवाओं का सामान्य प्रभाव मान बैठते हैं। नकसीर आने की समस्या को इग्नोर करना कई बार स्वास्थ्य से जुड़ी गंभीर समस्याएं पैदा कर सकती है, क्योंकि यह किसी अंदरूनी गंभीर समस्या का संकेत भी हो सकता है जैसे सीवियर ब्लीडिंग डिसऑर्डर आदि। नोजब्लीड जैसी इन गंभीर समस्याओं के इग्नोर नहीं करना चाहिए बल्कि इनके कारण का पता लगाना चाहिए, ताकि इस गंभीर समस्या से बचने के तरीकों का पता लगाया जा सके।
नकसीर छूटना कई अलग-अलग बीमारियों का संकेत हो सकता है, जिसमें आमतौर पर निम्न शामिल है -
गर्मियों में बार-बार नकसीर आने को इग्नोर न करें क्योंकि यह कई बार अपने आप में भी एक बीमारी हो सकती है, जिसे मेडिकल भाषा में एपिस्टैक्सिस (Epistaxis) कहा जाता है। एपिस्टैक्सिस आमतौर पर एक जेनेटिक कंडीशन होती है और ज्यादातर मामलों में यह कोई गंभीर स्थिति नहीं पैदा करती है। हालांकि, कुछ लोगों में एपिस्टैक्सिस बेहद गंभीर होती है, जिससे खून की कमी जैसी कुछ जटिलताएं होने का खतरा बढ़ सकता है।
नकसीर आने के कई अलग-अलग कारण हैं, जिनमें से प्रमुख गर्मियों की गर्म हवा (लू) या फिर मौसम में तेजी से हो रहा बदलाव जैसे मार्च या अप्रैल के महीने में तेजी से मौसम बदलने लगना। इसके अलावा कुछ लोगों को शुष्क हवा के कारण भी नकसीर आने लगती है और इसलिए सर्दियों के मौसम में भी इस तरह के लक्षण देखे जा सकते हैं। इसके अलावा डाइट व लाइफस्टाइल से जुड़े कुछ कारण हो सकते हैं, जिनकी वजह से नकसीर आने लगती है जैसे -
लाइफस्टाइल और डाइट हैबिट्स का अच्छा होना सबसे ज्यादा जरूरी है। साथ ही जिन लोगों को नकसीर आती है, उन्हें इसके सटीक कारण का पता लगाना है कि उन्हें किस मौसम में आती है। उदाहरण के लिए अगर गर्मियों के दिनों में आती है, तो गर्मी के मौसम में खासतौर पर दोपहर के समय घर से बाहर न निकलें और अगर किसी कारण से आपको बाहर जाना भी है, तो नाक पर सुती कपड़े को गीला करके रखें। वहीं जिन्हें सर्दियों में ये समस्या ज्यादा आती है, उनके लिए भी नाक पर सूखा कपड़ा रखना अच्छा विकल्प हो सकता है।
इसके अलावा चाहे आपको पहली बार नकसीर आई हो या फिर बार-बार यह समस्या हो रही हो, आपको एक बार डॉक्टर से इस बारे में जरूर बात करनी चाहिए। क्योंकि कई बार यह किसी अंदरूनी समस्या का संकेत हो सकता है, जिसे इग्नोर नहीं करना चाहिए। ऐसे में हो सकता है कि आपको कुछ जांच कराने की सलाह दें और अगर जांच में कोई बीमारी (जैसे इन्फेक्शन आदि) मिलती है, तो उनके अनुसार आपको दवाएं दें।
अस्वीकरण: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।
हीटस्ट्रोक एक गंभीर बीमारी है जिसमें किसी व्यक्ति का तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से अधिक हो जाता है, जो अत्यधिक गर्मी के संपर्क में आने या ज़ोरदार शारीरिक व्यायाम के परिणामस्वरूप होता है। ऐंठन, दौरे या कोमा। पसीना आ सकता है और त्वचा देखने में ठंडी लग सकती है।
अगर नाक से बार-बार खून आ रहा है या फिर काफी मात्रा में खून बह रहा है, तो ऐसी स्थिति में एनीमिया हो सकता है।
मौसमी एलर्जी को रोकने के लिए घर के अंदर रहें और खिड़कियां बंद रखें, और घर के अंदर की हवा को साफ रखने के लिए HEPA फिल्टर वाले एयर कंडीशनिंग और वैक्यूम क्लीनर का उपयोग करें।