
Also Read
Pelvic congestion syndrome: पेट में दर्द होना एक बेहद आम स्थिति है, जिसे हम अक्सर पेनकिलर लेकर इग्नोर कर देते हैं। लेकिन कई बार यह किसी अन्य अंदरूनी बीमारी का संकेत भी हो सकता है। महिलाओं के पेट में होने वाला दर्द कई बार पेल्विक कंजेशन सिंड्रोम का संकेत हो सकता है, जिसे गलती से भी इग्नोर नहीं किया जाना चाहिए। पीसीएस के दौरान आमतौर पर पेल्विक क्षेत्र की नसें फैलने लग जाती हैं और उनमें रक्त का संचार बाधित हो जाता है, जिसके परिणामस्वरूप पीठ, पेट और पेल्विक क्षेत्र में दर्द होता है। पेल्विक कंजेशन सिंड्रोम मुख्य रूप से महिला रोगियों में पाया जाता है और इसका मुख्य कारण पेल्विक रक्त वाहिकाओं का अधिक विस्तारित होना होता है। चलिए जानते हैं किन कारणों से होता है पेल्विक कंजेशन सिंड्रोम और इससे बचाव व उपाय करने के तरीके क्या हैं।
मूल नसों का विस्तार होना भी पेल्विक कंजेशन सिंड्रोम का कारण बनता है। असल में जब पेल्विक क्षेत्र की नसें अत्यधिक फैलने लगती हैं तो रक्त का सही तरह से प्रवाह नहीं कर पाता है, जिसके कारण रक्त वाहिकाओं में दबाव बढ़ने लगता है। यह नसों के कमजोर होने का संकेत हो सकता है, जिस कारण तेज दर्द महसूस होता है।
महिलाओं में गर्भावस्था और मासिक धर्म के दौरान कई तरह के हार्मोनल परिवर्तन होते हैं, जो कि मुख्य रूप से इस सिंड्रोम का कारण बन सकते हैं। अधिकतर मामलों में देखा जाता है कि उच्च स्तर के प्रोजेस्टरोन हार्मोन से नसें अधिक फैल जाती हैं, जिससे रक्त संचार में बाधा उत्पन्न हो सकती है।
गर्भावस्था के दौरान गर्भाशय का आकार बढ़ने से पेल्विक क्षेत्र में अतिरिक्त दबाव बनता है, जो रक्त वाहिकाओं को प्रभावित करता है। इस दबाव के कारण रक्त का संचार बाधित होता है, जिससे पीठ और पेल्विक क्षेत्र में दर्द हो सकता है, जो अक्सर गर्भवती महिलाओं में सामान्य होता है।
कुछ महिलाएं जन्मजात रूप से कमजोर नसों या पेल्विक नसों की संरचना से प्रभावित होती हैं, जिससे नसें आसानी से फैल जाती हैं। यह रक्त संचार में रुकावट का कारण बनता है, जिससे पेल्विक कंजेशन सिंड्रोम और इसके परिणामस्वरूप पीठ और पेल्विक क्षेत्र में दर्द हो सकता है।
पेल्विक कंजेशन सिंड्रोम के लक्षणों में पीठ दर्द, विशेषकर निचले हिस्से में, लंबे समय तक खड़े रहने पर दर्द, मासिक धर्म के दौरान अधिक दर्द और पेल्विक क्षेत्र में भारीपन महसूस होना शामिल हैं। कभी-कभी दर्द सेक्स के दौरान भी महसूस हो सकता है।
पेल्विक कंजेशन सिंड्रोम का उपचार दवाओं, जीवनशैली में बदलाव और सर्जरी के माध्यम से किया जा सकता है। डॉक्टर द्वारा नसों को उपचारित करने के लिए सर्जरी या एंजियोप्लास्टी का भी सहारा लिया जा सकता है। इसे सही समय पर पहचानने और इलाज करने से गंभीर समस्याओं से बचा जा सकता है।
अस्वीकरण: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।