लोहे vs नॉन-स्टिक vs स्टेनलेस स्टील: जानिए कौन सा बर्तन है रोजाना खाना पकाने के लिए Best

रोजाना खाना बानने के लिए कास्ट आयरन, नॉन-स्टिक और स्टेनलेस स्टील में से बर्तन सबसे ज्यादा अच्छे होते हैं। आइए जानते हैं इसके (Kis Cookware Main Khana Banna Chaiye) बारे में।

WrittenBy

Written By: Ashu Kumar Das | Published : January 30, 2026 12:15 PM IST

WrittenBy

Medically Verified By: Dt. Pranjal kumat

आज के समय में हम सभी इस बात पर ध्यान देते हैं कि हम क्या खा रहे हैं- कितना तेल, कौन-से मसाले और कौन-सी सामग्री इस्तेमाल कर रहे हैं। लेकिन एक बहुत जरूरी चीज, जिसे हम अक्सर नजरअंदाज कर देते हैं, वह है कुकवेयर यानी बर्तन। आप जिन बर्तनों में खाना पकाते हैं, वे सीधे आपकी सेहत को प्रभावित करते हैं। गलत बर्तन न सिर्फ पोषण को कम कर सकते हैं, बल्कि कई बार खाने में हानिकारक तत्व भी मिला सकते हैं। इससे सेहत को फायदा पहुंचाने की बजाय नुकसान हो सकता है। आज इस लेख के माध्यम से हम आपको बताने जा रहे हैं लोहे, नॉन-स्टिक और स्टेनलेस स्टील में से कौन-सा खाना पकाने के लिए सबसे बेस्ट होता है।

1. लोहे के बर्तन

जयपुर स्थित महात्मा गांधी अस्पताल की डाइटिशियन प्रांजल कुमत बताती हैं कि भारत में पारंपरिक तौप पर लोहे के बर्तनों का इस्तेमाल किया जाता रहा है। लोहे से बनें बर्तन वजन में भारी होते हैं और गर्मी को लंबे समय तक बनाए रखते हैं।

लोहे बर्तन में खाना खाने के फायदे

  1. लोहे यानी की लोहे के बर्तनों में पका हुआ खाना खाने से शरीर को पर्याप्त मात्रा में आयरन मिलता है।
  2. एनीमिया से जूझने वाले लोगों के लिए लोहे के बर्तनों में पका हुआ खाना ज्यादा बेहतर रहता है।
  3. स्टील और अन्य धातुओं के मुकाबले लोहे के बर्तनों में कम तेल में खाना पक जाता है।
  4. सब्जी, रोटी, पराठा और फ्राई के लिए लोहे के बर्तन ज्यादा बेहतर रहते हैं। इसमें पका हुआ खाना खाने से स्वाद बढ़ता है।

लोहे के बर्तन में खाना पकाने के नुकसान

लोहे के बर्तन कई बार बहुत ज्यादा भारी होते हैं, ऐसे में इन्हें उठाने और रखने में परेशानी हो सकती है। लोहे के बर्तनों की सही तरीके से सफाई न की जाए तो इसमें जंक लगने का खतरा रहता है। एक्सपर्ट बताती हैं कि लोहे के बर्तनों में खाना पकाने वाले लेगों को ऐसे सही तरीके से धोकर और सूखाकर रखना चाहिए।

2. नॉन-स्टिक बर्तन

डाइटिशिन कहती हैं लोहे के मुकाबले नॉन-स्टिक को धोने में कम मेहनत लगती है। साथ ही, इन बर्तनों में कम तेल में और जल्दी खाना पक जाता है, यही कारण है अब बड़ी मात्रा में लोग नॉन-स्टिक बर्तनों का इस्तेमाल करने लगे हैं। जो लोग वजन कम करना चाहते हैं, मोटापे को कंट्रोल करने के लिए जीरो ऑयल कुकिंग करते हैं, उनके लिए नॉनस्टिक पैन सबसे सुरक्षित होते हैं।

नॉन-स्टिक बर्तन में खाना पकाने के नुकसान

  1. नॉन-स्टिक बर्तनों का यूज बेशक आसान हो, लेकिन ये सेहत के लिहाज से बहुत नुकसानदायक होते हैं।
  2. नॉन-स्टिक बर्तनों को ज्यादा गर्म करने पर जहरीली गैस निकल सकती है।
  3. सफाई करते समय खरोंच आने पर केमिकल निकल सकता है। जिससे खाने में केमिकल मिलता है।
  4. नॉन-स्टिक बर्तन ज्यादा लंबे समय तक खाना पकाने के लिए सही नहीं होते हैं।

3. स्टेनलेस स्टील बर्तन

स्टेनलेस स्टील भारतीय रसोई की पहचान है। यह टिकाऊ और सुरक्षित माना जाता है। स्टील के बर्तनों की खास बात यह है कि इसमें किसी प्रकार का केमिकल नहीं होता है। कास्ट आयरन के मुकाबले ये वजन में भी काफी हल्के होते हैं। इसलिए इनका इस्तेमाल आसान होता है। विभिन्न प्रकार की चीजों को उबालने और भाप में पकाने के लिए स्टेनलेस स्टील के बर्तन सबसे उपयुक्त होते हैं।

स्टेनलेस स्टील बर्तन में खाना पकाने के नुकसान

  1. ज्यादा हाई प्लेम में स्टील के बर्तनों में खाना नहीं पकाना चाहिए।
  2. बाजार में कई प्रकार के स्टील के बर्तन मौजूद हैं। घटिया क्वालिटी के स्टील के बर्तन सेहत के लिए नुकसानदायक होते हैं।
  3. जिन लोगों को किसी प्रकार की एलर्जी है, उन्हें स्टेनलेस स्टील के बर्तनों का यूज नहीं करना चाहिए।
  4. सिर्फ अच्छी क्वालिटी का स्टेनलेस स्टील बहुत सुरक्षित होता है।

Disclaimer: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source