क्या अलग-अलग कंपनी की लगवा सकते हैं कोरोना वैक्सीन? एकस्पर्ट से जानें कितना सही है आपका ये फैसला

जिस तरह से देश में वैक्सीन को लेकर शॉर्टेज चल रही है तो क्या कोई व्यक्ति एक टीका किसी और कंपनी का दूसरा टीका किसी और कंपनी का लगवा सकता है। जानिए क्या है सही जवाब।

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Written By: Jitendra Gupta | Published : May 10, 2021 5:24 PM IST

भारत में कोरोना वैक्सीनेशन का तीसरा चरण चल रहा है और इस घातक कोविड -19 संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए मौजूदा वक्त में दो टीके लगाए जा रहे हैं, जिसमें से एक है कोविशिल्ड और दूसरी है कोवैक्सिन। वैक्सीन लगवा चुके लोग इस बात को लेकर संशय की स्थिति में हैं कि जिस तरह से देश में वैक्सीन को लेकर शॉर्टेज चल रही है तो क्या वह एक टीका किसी और कंपनी का दूसरा टीका किसी और कंपनी का लगवा सकते हैं। अगर आप भी इस दुविधा में हैं तो धर्मशिला नारायण सुपरस्पेशलिटी अस्पताल की सलाहकार और प्रमुख, माइक्रोबायोलॉजी और संक्रमण नियंत्रण विभाग डॉ. गीताली भगवती बता रही है कि अब हमें सामूहिक टीकाकरण पर ध्यान देना चाहिए और टीकाकरण के दायरे को और ज्यादा बढ़ाना चाहिए।

क्या हम ले सकते हैं दो अलग-अलग कंपनियों की डोज?

दो अलग-अलग कंपनियों की डोज लेने पर डॉ. भगवती का कहना है कि वैक्सीन की दोनों डोज को लेने के लिए हर संभव प्रयास करने चाहिए और हां दोनों ही डोज एक ही कंपनी की होनी चाहिए।

कुछ देशों में चल रहे हैं क्लिनिकल ट्रायल

उन्होंने बताया कि कुछ देशों में इस चीज का पता लगाने के लिए क्लिनिकल ट्रायल किए जा रहे हैं कि क्या कोई व्यक्ति वैक्सीन की पहली डोज किसी और कंपनी की और दूसरी डोज किसी दूसरी कंपनी की लगवा सकता है। डॉ. भगवती ने बताया कि अलग-अलग प्रकार के टीकों से इम्यूनिटी बूस्ट करने के चक्कर में हमारा इम्यून सिस्टम अधिक सक्रिय हो सकता है, जो दूसरे वेरिएंट से इम्यून को मजबूत बनाने के लिए एक चिंता का विषय साबित हो सकता है। हालांकि अभी तक इस प्रकार से वैक्सीन लेने की सलाह दिए जाने को लेकर पर्याप्त डेटा नहीं है।

सीडीसी ने बताया क्यों प्रभावी नहीं अलग-अलग वैक्सीन लगवाना

रोग नियंत्रण और रोकथाम केंद्र (सीडीसी) के अनुसार, एक प्रकार की विशिष्ट स्थिति में जहां एक मरीज को एक (mRNA COVID-19) वैक्सीन की पहली डोज मिली थी, लेकिन वह उसी वैक्सीन या फिर उसी सॉल्ट की दूसरी डोज लगवाने में असमर्थ रहा या फिर उसे उसी कंपनी की वैक्सीन नहीं मिली तो वह 28 दिनों के भीतर Janssen COVID-19 वैक्सीन की डोज ले सकता है।

वैक्सीन लगवाने के बाद होने वाले साइड-इफेक्ट

डॉ. भगवती के अनुसार, सबसे आम साइड-इफेक्ट हैंः

इंजेक्शन वाली जगह पर दर्द

लालिमा और सूजन

बुखार

ठंड

थकान

सिरदर्द

मांसपेशियों में दर्द