
विद्या शर्मा
विद्या शर्मा को डिजिटल मीडिया में लगभग 3 साल का अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से पत्रकारिता ... Read More
Medically Verified By: Dr. Anima Sharma
हाइपोथायरायडिज्म
आजकल आपको सोशल मीडिया पर कई ऐसे वीडियोज मिल जाएंगे, जिमें थायरॉइड हेल्थ के नाम पर कई घरेलू नुस्खे बताए जा रहे हैं और वह तेजी से वायरल हो रहे हैं। एक ओर जहां लोग अपना थाइरॉइड ठीक करने के लिए दवाइयां खा रहे हैं वहीं ये नुस्खे हमारे मन में सवाल पैदा करते हैं कि क्या सच में कोई नुस्खा थाइरॉइड को ठीक कर सकता है? ऐसा ही एक दावा @ansari_healthtips ने इंस्टाग्राम पर किया है। उन्होंने दावा किया है कि अदरक, दालचीनी और शहद हाइपोथायरायडिज्म को ठीक कर सकते हैं।
इंस्टाग्राम हैंडलर ने अपनी इस रील में कहा कि "तीन चीजें आपके हाइपोथायरायडिज्म की समस्या को पूरी तरह से ठीक कर सकती हैं। अदरक का एक छोटा टुकड़ा लें और उसको अच्छी तरह से क्रश कर लें। एक छोटा टुकड़ा दालचीनी का लें और उसे एक कप पानी में अच्छी तरह से कुचल लें। और फिर एक कप पानी में अच्छी तरह से 5 से 7 मिनट तक उबालने के लिए रख दें। जब वो ठंडा हो जाए तो उसको छानें, इसके अंदर एक चम्मच शहद मिक्स करके, एक सुबह और शाम को खाली पेट खाना खाने से पहले या दिन में एक बार अपनी सहुलीयत के हिसाब से इसको लेना आज से ही शुरु कर दें।”
यह दाव सही है या नहीं, इसके लिए हमने बात की नारायणा हॉस्पिटल की एंडोक्रिनोलॉजिस्ट डॉक्टर अनिमा शर्मा से बात की।
डॉक्टर अनीमा शर्मा बताती हैं हाइपोथायरायडिज्म तब होता है जब थायरॉइड ग्रंथि शरीर की जरूरत के हिसाब से पर्याप्त हार्मोन नहीं बना पाती है। अब तक उपलब्ध वैज्ञानिक शोध में ऐसा कोई भरोसेमंद प्रमाण नहीं है जो इसे सही बताए कि अदरक, दालचीनी और शहद का पानी इस स्थिति को ठीक, खत्म या पलटकर रख सकता है।
डॉक्टर का कहना है कि अदरक और दालचीनी में नेचुरल एंटीऑक्सीडेंट और एंटी-इन्फ्लेमेटरी कम्पाउंड पाए जाते हैं, जो एक बैलेंस डाइट के हिस्से के रूप में उपयोगी हो सकते हैं। हालांकि, आपका यह जानना बहुत जरूरी है कि इन तीनों सामग्रियों में से कोई भी थायरॉइड हार्मोन के प्रोडक्शन को फिर से एक्टिव नहीं कर पाएगी। इसका मतलब यह है कि ये हाइपोथायरायडिज्म के स्टैंडर्ड ट्रीटमेंट यानी कि थायरॉइड हार्मोन रिप्लेसमेंट थेरेपी का स्थान नहीं ले सकतीं।
अगर आप इस ड्रिंक का सेवन करना चाहते हैं, तो इसे सीमित मात्रा में एक सामान्य पेय पदार्थ के रूप में देखा जा सकता है। लेकिन इसे हाइपोथायरायडिज्म के उपचार का विकल्प मानना वैज्ञानिक रूप से उचित नहीं है। इस समस्या को मैनेज करने के लिए अपने चिकित्सक द्वारा निर्धारित दवाएं नियमित रूप से लें और थायरॉइड हार्मोन स्तर की समय-समय पर जांच करवाते रहें।
डिस्क्लेमर: मिथक और तथ्य के बीच का फर्क पहचानना जरूरी है। अदरक-दालचीनी-शहद का पानी एक स्वास्थ्यवर्धक जीवनशैली का छोटा हिस्सा हो सकता है, लेकिन यह थायरॉइड रोग का उपचार नहीं है।