
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
मगर कुछ मामलों में बच्चे के जन्म के बाद भी महिलाओं को डायबिटीज की समस्या रहती है। © Shutterstock
मेरी उम्र 30 साल है और मुझे जेस्टेशनल डायबिटीज़ है। डॉक्टर के बताए अनुसार मैं दवाएं और डायट फॉलो करती हूं। कृपया मुझे बताए कि क्या जेस्टेशनल डायबिटीज ठीक हो सकता है?
जेस्टेशनल डायबिटीज़ से जुड़े इस सवाल का जवाब दिया डायबेटोलॉजिस्ट डॉ. प्रदीप गाडगे (गाडगे डायबिटीज सेंटर,मुंबई) ने।
अगर आपको प्रेगनेंसी के दौरान जेस्टेशनल डायबिटीज हुआ है तो काफी संभावनाएं हैं कि प्रेगनेंसी के बाद भी यह समस्या ठीक हो जाए। हालांकि जेस्टेशनल डायबिटीज़ ठीक हो इसके लिए आपको अपनी डायट का बहुत ख्याल रखना होगा और बार-बार ब्लड ग्लूकोज की जांच कर उसे कंट्रोल में रखने के प्रयास करने होंगे। जेस्टेशनल डायबिटीज के ज्यादातर मामलों में प्रेगनेंसी के बाद डायबिटीज़ ठीक हो जाता है। इसीलिए अगर आप अपने डॉक्टर की सलाह के मुताबिक डायट फॉलो करती हैं तो आपको बहुत अधिक चिंता करने की कोई ज़रूरत नहीं है। ज़्यादातर महिलाओं की जेस्टेशन डायबिटीज़ की समस्या प्रेगनेंसी के बाद कंट्रोल में आ जाती है और उनका ब्लड ग्लूकोज़ लेवल फिर से सामान्य हो जाता है। इसलिए यह चिंता की बात नहीं है।
मगर कुछ मामलों में ऐसा भी देखा गया है कि बच्चे के जन्म के बाद भी महिलाओं को डायबिटीज की समस्या रहती है। आंकडों पर ध्यान दें तो पता चलता है कि जेस्टेशनल डायबिटीज से पीड़ित 33% महिलाओं को 5 साल के बाद डायबिटीज होता है। इसके अलावा इन महिलाओं को भविष्य में भी डायबिटीज होने का खतरा 50% अधिक रहता ही है। दूसरे तरीकों से समझने की कोशिश करें जेस्टेशनल डायबिटीज वाली 3 महिलाओं में से एक महिला को अगले 5 साल में डायबिटीज हो सकता है तो वहीं बाकी दो महिलाओं में से एक को भविष्य में डायबिटीज होने का खतरा बना रहता है।
मगर कुछ मामलों में ऐसा भी देखा गया है कि बच्चे के जन्म के बाद भी महिलाओं को डायबिटीज की समस्या रहती है। आंकडों पर ध्यान दें तो पता चलता है कि जेस्टेशनल डायबिटीज से पीड़ित 33% महिलाओं को 5 साल के बाद डायबिटीज होता है। इसके अलावा इन महिलाओं को भविष्य में भी डायबिटीज होने का खतरा 50% अधिक रहता ही है। दूसरे तरीकों से समझने की कोशिश करें जेस्टेशनल डायबिटीज वाली 3 महिलाओं में से एक महिला को अगले 5 साल में डायबिटीज हो सकता है तो वहीं बाकी दो महिलाओं में से एक को भविष्य में डायबिटीज होने का खतरा बना रहता है।
इसलिए प्रेगनेंसी के बाद डायबिटीज़ की संभावना और खतरे को कम करने के लिए अपने रक्त में ग्लूकोज़ के स्तर की हमेशा जांच करते रहें। साथ ही अगर प्रेगनेंसी के दौरान डायबिटीज़ के कोई लक्षण दिखाई दें तो तुरंत डॉक्टर से सम्पर्क करें और उसकी सलाह को ध्यान से फॉलो करें। यह बात ध्यान में रखें कि अनियंत्रित डायबिटीज़ से पेट में पल रहे बच्चे की सेहत पर भी बुरा प्रभाव पड़ सकता है।