होम्योपैथी उपचार से खत्म करें बालों का झड़ना और डैंड्रफ, जानिए बाल झड़ने की होम्योपैथिक दवा

सर्दियों में बालों की देखभाल बहुत जरूरी होता है, क्योंकि इस दौरान बालों का झड़ना, डैंड्रफ और बालों का रूखापन बहुत आम है, इसके लिए हम आपको विशेषज्ञ द्वारा सुझाए गए होम्योपैथी मेडिसिन के बारे में बता रहे हैं.

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Written By: Atul Modi | Updated : November 23, 2022 9:33 AM IST

सर्दियों का सीजन आते ही ठंडा मौसम आपकी त्‍वचा पर परत (डॉयनेस) बनाने लगता है। सर्द हवा से बालों में रूखापन आ जाता है, वे उलझे हुए और रूखे एवं नमी से रहित हो जाते हैं, सिर की त्‍वचा में खुजली होती है और पपडियां बनने लगती हैं। इससे नमी को बनाये रखने वाली बालों के किनारों की सुरक्षा परत को नुकसान होता है और बालों का टेक्‍सचर बिगड़ जाता है। सर्द हवा में नमी की कमी से डैंड्रफ बढ़ती है। अगर डैंड्रफ पर ध्‍यान नहीं दिया जाए, तो सिर की त्‍वचा की स्थिति गंभीर हो सकती है। पुरूषों और महिलाओं को बाल झड़ने की समस्‍या हो सकती है। औसतन हर दिन 50 से 100 बाल गिराने वाले लोगों का सामना इस मौसम में काफी ज्‍यादा बाल झड़ने से होता है, जिसका कारण है सिर की त्‍वचा का सूखना, उनका डिहाइड्रेट हो जाना और डैंड्रफ से भर जाना। चूंकि ठंडी और शुष्‍क स्थिति में त्‍वचा से प्राकृतिक नमी खो जाती है, इसलिये लोगों को सेबोरहीक डर्मेटाइटिस और सोरियासिस जैसी बीमारियां होने का जोखिम भी बढ़ जाता है।

सर्दियों में बाल झड़ने का उपाय - (Remedies For Hair Fall In Winter)

बालों में जैतून का तेल लगाकर रातभर रखने और अगली सुबह धोने से पपडियां और चकत्‍ते ढीले हो जाते हैं और खुजली नहीं होती है। शैम्‍पू के बाद अच्‍छा कंडीशनर लगाने से भी बालों की प्राकृतिक रंगत बनाये रखने में मदद मिलेगी और नमी बनी रहेगी। शैम्‍पू और कंडीशनिंग अच्‍छी है, लेकिन सर्दियों के दौरान यह रोज करने की सलाह नहीं दी जाती है। सिर की त्‍वचा के प्राकृतिक तेलों को बनाये रखने के लिये लोगों को एक दिन छोड़कर बाल धोने चाहिये। बालों की देखभाल के अलावा संतुलित आहार भी लेना चाहिये और पोषक भोजन करना चाहिये, जैसे कि अंडे, फैटी फिश, मौसमी फल और हरी पत्‍तेदार सब्जियाँ, ताकि बाल स्‍वस्‍थ बने रहें और इनका बढ़ना जारी रहे। डैंड्रफ और रूखेपन की गंभीर समस्‍या होने पर डॉक्‍टर को दिखाना चाहिये, जो ऐसी स्थितियों के लिये पर्याप्‍त उपचार दे सकते हैं।

बाल झड़ने की होम्योपैथिक दवा - (Best Homeopathic Medicine For Hair Fall In Hindi)

होम्‍योपैथी को दूसरी पारंपरिक औषधि से एक बात अलग करती है, उसका प्राकृतिक, सुरक्षित और सस्‍ता होना और कोई साइड इफेक्‍ट नहीं होना। इससे डैंड्रफ, बालों की खराब रंगत और सिर की सूखी त्‍वचा का जड़ से इलाज होता है और इसलिये लंबे समय तक रहने वाले परिणाम मिलते हैं।

तो सर्दियों के दौरान बालों के गंभीर नुकसान का कोई भी कारण क्‍यों न हो, होम्‍योपैथी के पास बालों की सारी जिद्दी समस्‍याओं का समाधान है। यह पूरक औषधि प्रणाली सर्दियों के दौरान बालों का नुकसान होने से रोकती है और बालों को रूखापन, उलझना और डैंड्रफ दूर करने में मदद करती है। समग्र दृष्टिकोण के साथ यह मरीज के शारीरिक, पर्यावरणीय और मानसिक पहलूओं को ध्‍यान में रखते हुए बालों के रूखेपन, उलझने और बाल झड़ने का इलाज करती है।

सर्दियों में बालों की समस्‍याओं के लिये होम्‍योपैथी उपचार - Homeopathic Treatment For Hair Fall

होम्‍योपैथी की दवाएं पादप-आधारित सामग्रियों से प्राप्‍त की जाती हैं और इसलिये सुरक्षित तथा प्रभावी होती हैं। इन दवाओं की कोई एडवर्स ड्रग रियेक्‍शंस (एडीआर) नहीं होती हैं। बालों की देखभाल के लिये बताई जाने वाली दवाओं में से कुछ हैं:

कैल्‍केरियासल्‍फ्युरिका 6 एक्‍स: डॉक्‍टर होम्‍योपैथी की यह दवा शुष्‍क और सफेद डैंड्रफ के लिये बताते हैं (हर दिन दो गोली)।

काली सल्‍फ्युरिकम: यह दवा चिपकने वाली और पीली डैंड्रफ और त्‍वचा की गंभीर स्थितियों, जैसे मुंहासे, सोरियासिस और सेबोरहीक डर्मेटाइटिस के मामले में वरदान है। इसकी हर दिन दो गोलियाँ लेने के लिये कहा जाता है।

इनपुट्स: डॉ. अक्षय बत्रा (डॉ. बत्रा हेल्‍थकेयर के वाइस-चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक)

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