
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Belly Fat Can Indicate These Serious Health Condition: वजन बढ़ने या मोटापे की शुरूआत बेली फैट बढ़ने या पेट बढ़ने से मानी जाती है। बेली फैट बढ़ने के साथ ही लिवर पर दबाव बनने लगता है और इसके साथ फैट फैटी लिवर डिजिज (Fatty liver disease) जैसी बीमारियों का रिस्क भी बढ़ने लगता है। बढ़ा हुआ पेट या तोंद निकलना फैटी लिवर डिजिज का एक महत्वपूर्ण लक्षण मानी जाती है। फैटी लिवर के दो प्रकार होते हैं अल्कोहोलिक और नॉन-अल्कोहोलिक फैटी लिवर डिजिज। जैसा कि नाम से ही समझा जा सकता है कि अल्कोहोलिक फैटी लिवर डिजिज (Alcoholic Fatty Liver Disease) शराब या अल्कोहल का अधिक सेवन करने की वजह से होता है वहीं मोटापे या अनुवांशिक कारणों से होने वाली बीमारी को नॉन-अल्कोहोलिक लिवर डिजिज (Non-Alcoholic Fatty Liver Disease) कहा जाता है।
एक्सपर्ट्स के अनुसार, लिवर के आसपास जमा होने वाले फैट के कारण कई अन्य गम्भीर और क्रोनिक बीमारियों का भी रिस्क बढ़ सकता है जिसमें हाई ब्लड प्रेशर (high blood pressure), डायबिटीज (diabetes) और किडनी की बीमारियां (Kidney diseases) भी शामिल हैं। इसीलिए, फैटी लिवर डिजिज की बीमारी के लक्षणों को पहचान कर उसका समय पर इलाज कराना चाहिए। क्योंकि यही इस समस्या को गम्भीर होने से रोकने का तरीका है। यहां पढ़ें फैटी लिवर डिजिज के महत्वपूर्ण लक्षणों के बारे में-
फैटी लिवर डिजिज में लोगों को खाना खाए बिना ही पेट भरा (fullness) हुआ महसूस होता है। इसी तरह पेट के दाहिनी तरफ ऊपर के हिस्से में दर्द भी महसूस होता है। यह दर्द हल्का और लगातार महसूस होते रहता है। वहीं, पेट हमेशा फूला हुआ या बढ़ा हुआ भी महसूस होता है।
बार-बार मतली आना और उल्टी होना फैटी लिवर डिजिज का एक महत्वपूर्ण लक्षण (symptoms of Fatty liver disease) हो सकता है। इसकी वजह से पीड़ित व्यक्ति को लगातार बीमार महसूस होता है और उसका मूड भी खराब रहता है।
एक्सपर्ट्स के अनुसार चूंकि, फैटी लिवर डिजिज लाइफस्टाइल से जुड़ी एक समस्या है इसीलिए, इस बीमारी से बचाव और राहत के लिए लोगों को अपनी लाइफस्टाइल में हेल्दी बदलाव करने की जरूरत होती है। जैसे-