
विद्या शर्मा
विद्या शर्मा को डिजिटल मीडिया में लगभग 3 साल का अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से पत्रकारिता ... Read More
Written By: Vidya Sharma | Published : February 9, 2026 10:52 AM IST
Medically Verified By: Dr Seema Dhir
Raat Ko Neend Na Aane Ka Kya Karan Hai: अक्सर हम कहते हैं कि जब पूरा दिन काम करके व्यक्ति थक कर चूर हो जाता है, तो रात में बिस्तर पर जाते ही पट से नींद आ जाती है। और ऐसा सच में होता है। लेकिन कई बार आपने नोटिस किया होगा कि आप बहुत थकी होती हैं, काम करने का मन नहीं करता, लेकिन जैसे ही रात को बिस्तर पर जाती हैं, नींद आंखों से गायब हो जाती है? बाहर से देखने पर लगता है कि शरीर को आराम चाहिए, फिर भी दिमाग बंद ही नहीं होता। आज एक दो नहीं, बल्कि बहुत ही महिलाएं इस समस्या से गुजर रही हैं।
साथ ही कई महिलाएं ऐसी हैं जो अपनी सेहत का बिल्कुल भी ध्यान नहीं देती हैं। फिर होता यह है कि आम सी दिखने वाली यह परेशानी बड़ा रूप ले लेती है। इसके पीछे एक बड़ा कारण है, स्ट्रेस हार्मोन ‘कोर्टिसोल’ और उससे जुड़ी एड्रेनल फटीग(Adrenal Fatigue)। यह क्या होते हैं और हमारे शरीर को किस तरह नुकसान पहुंचाते हैं, आइए हम आर्टेमिस हॉस्पिटल की यूनिट हेड और सीनियर कंसल्टेंट- इंटरनल मेडिसिन डॉक्टर सीमा धीर से विस्तार से जानते हैं।

कोर्टिसोल हमारे शरीर का एक जरूरी हार्मोन है, जिसे एड्रेनल ग्लैंड्स बनाती हैं। इसका मुख्य काम हमें सतर्क रखना, तनाव के समय शरीर को संभालना और दिनचर्या को बैलेंस में रखना है। नॉर्मली कोर्टिसोल का लेवलसुबह सबसे ज्यादा होता है ताकि हम एक्टिव महसूस करें, और रात को सबसे कम ताकि नींद आ सके। लेकिन जब तनाव लगातार बना रहता है। चाहे वो रिश्तों का हो, काम का हो, परिवार की जिम्मेदारियों का हो या अंदर ही अंदर चल रही चिंता का, तब कोर्टिसोल का यह नेचुरल पैटर्न बिगड़ जाता है।
डॉक्टर कहती हैं कि ‘देखिए यह कोई वैसी समस्या नहीं है कि किसी को एक दिन में हो जाए। ऐसा तब होता है जब एड्रेनल ग्लैंड्स सालों तक लगातार तनाव झेलती रहती हैं। धीरे-धीरे वे हार्मोन बैलेंस सही से नहीं बना पातीं। इसी कारण बहुत थकान होने के बाद भी आप सो नहीं पाती हैं। आइए अब हम इसके कुछ लक्षणों के बारे में जानते हैं।
सुबह उठते ही थकान महसूस होना, बिना वजह चिड़चिड़ापन, नमक या मीठे की क्रेविंग, हल्की-हल्की घबराहट, नींद न आना और छोटी बातों पर इमोशनल हो जाना आदि यह सभी एड्रेनल फटीग के आम लक्षण हैं, जो किसी व्यक्ति में देखे जाते हैं।
महिलाएं अक्सर अपनी जरूरतों को पीछे रख देती हैं। वे काम, परिवार, रिश्ते और जिम्मेदारियों के बीच खुद के आराम को सबसे आखिरी स्थान पर रखती हैं। भावनाओं को दबा कर आगे बढ़ते रहना और खुद के लिए समय न निकालना धीरे-धीरे नर्वस सिस्टम को थका देता है। यह शरीर का नेचुरल रिस्पॉन्स है , जो कि एक दिन में ठीक नहीं हो सकता है।

अगर आपकी रात को कई कोशिशों के बाद भी नींद न आने की समस्या ठीक नहीं हो रही है तो कुछ दिन इस स्टेप्स को फॉलो करें। जैसे- सोने से पहले मोबाइल फोन से दूरी, गहरी सांस लेना, मेडिटेशन करना, कैफीन और मीठे का सेवन कम करना और लेट नाइट जागने से बचें। खुद के लिए टाइम निकालें , वो करें जो आपको अच्छा लगता है
Disclaimer: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।