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Type-2 Diabetes : आधुनिक जीवनशैली में लोग कई तरह की बीमारियों के शिकार हो रहे हैं। खराब खानपान और लाइफस्टाइल के चलते आजकल अधिकतर लोग डायबिटीज के शिकार हो चुके हैं। डायबिटीज दो तरह की होती है, टाइप-1 और टाइप-2 डायबिटीज (Type-2 Diabetes)। टाइप-1 डायबिटीज वह बीमारी है, जो व्यक्ति को अपने विरासत में मिलती है। यानी व्यक्ति के परिवार में पहले से ही इस बीमारी से ग्रसित लोग थे, जिसके जरिए उसे यह बीमारी हुई है। वहीं, टाइप-2 डायबिटीज, शुगर की वह समस्या है, जो व्यक्ति को खराब लाइफस्टाइल के कारण होती है। डायबिटीज को जड़ से खत्म नहीं किया जा सकता, लेकिन सही लाइफस्टाइल (Type-2 Diabetes) अपनाकर आप इसे कंट्रोल कर सकते हैं।
कई हेल्थ एक्सपर्ट्स का कहना है कि हरी फलियों में कई तरह के पोषक तत्व मौजूस होते हैं। इन फलियों के सेवन से शरीर को पूर्ण पोषक तत्व मिलता है। फलियों में फाइबर की अधिकता होती है, जिससे उन्हें कब्ज की शिकायत नहीं होती है। फाइबर पचे हुए भोजन को आंतों की स्किन पर एकत्र नहीं होने देता है। इसके सेवन से पेट पूर्ण रूप से साफ होता है।
आज के दौर में लोगों को अधिक से अधिक फलियों का सेवन करना चाहिए, क्योंकि आज के समय में अधिकतर लोग सीटिंग जॉब करते हैं, जिसकी वजह से मोटापा बढ़ने का खतरा रहता है। इसके अलावा शारीरिक गतिविधियों और अन्य फूड्स पर भी देना जरूरी हो गया है।
भारत में लगभग सभी महीनों में हरी फलियों का उत्पादन होता है। फलियां कई रूप और आकार में आपको मार्केट में मिल जाएंगी। जैसे-सींगरा, सेम, मूली की फलियां, सहजन की फली सर्दियों में आपको मिल जाती हैं। वहीं, ग्वार, सुंदरी की फली, सेऊ की फलियां और बाजरा आपको गर्मी-बरसात के सीजन में आसानी से खाने को मिल जाएंगी।
इन सभी फलियों में प्रोटीन, फाइबर, कार्बोहाइड्रेट के साथ ही विटमिन-B,आयरन, मैग्नीशियम, कॉपर, मैग्नीज, जिंक और फॉसफोरस जैसे खनिज तत्व पाए जाते हैं। ये सभी पोषक तत्व शरीर में ऑक्सीजन का लेवल बढ़ाकर ब्लड फ्लो को कंट्रोल करने में मदद करते हैं। इसके साथ ही इससे कोशिकाओं की मरम्मत भी होती है, जिससे हमारी कोशिकाएं स्वस्थ रहती हैं।
अमेरिकन डायबीटीज असोशिएशन की न्यूट्रिशन थेरेपी में कहा गया है कि टाइप-2 डायबिटीज के मरीजों को अधिस से अधिक मात्रा में पौधों से प्राप्त खाद्य पदार्थों का सेवन करना चाहिए। इनमें सब्जियां, फल, अनाज, बीज और फलियां जैसे पदार्थ शामिल हैं। हरी सब्जियां और फल खाने से दिल से संबंधित बीमारी, ब्लड प्रेशर, डायबिटीज जैसी बीमारियों का खतरा कम होती है।
यहि आप लॉकडाउन के कारण घर में बैठे-बैठे मोटे हो रहे हैं, तो फलियां आपकी मदद कर सकता है। मोटापे से ग्रसित लोगों को दिन में कम से कम 3 टाइम फलियों का सेवन करना चाहिए। फलियां पूरी तरह फैट फ्री डाइट है, जो बैली फैट को बढ़ने नहीं देता है। ये शरीर में जमा चर्बी को तेजी से घटाने में हमारी मदद कर सकता है।
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