
डॉ. लिपि शर्मा
डॉ. लिपि शर्मा एक एक्सपीरियंस्ड ऑब्सटेट्रिशियन एंड गाइनेकोलॉजिस्ट हैं, जिन्हें इस फील्ड में 12 वर्षों ... Read More
Written By: Dr. Lipi Sharma | Published : April 11, 2026 1:12 PM IST
महिलाओं के लिए पीरियड्स उनके स्वास्थ्य से जुड़ी कई जानकारियां देता है। पारियड्स में हो रहे छोटे-मोटे बदलावों से भी यह बता लगाया जा सकता है कि उनका स्वास्थ्य सही है या नहीं है लेकिन आजकल देखा जा रहा है कि इस तरह कि जानकारी भी महिलाएं इग्नोर कर देती हैं या फिर उन्हें इसके बारे में सही जानकारी ही नहीं है। पीरियड्स के दौरान दिखने वाले कुछ लक्षणों को महिलाएं अक्सर सामान्य समझकर नजरअंदाज कर देती हैं, जबकि ये कई बार शरीर में चल रही किसी गंभीर समस्या का संकेत हो सकते हैं। यह जरूरी है कि हम अपने शरीर के संकेतों को समझें और समय रहते डॉक्टर से सलाह लें। इस लेख में हम आपको ऐसे ही 5 लक्षणों के बारे में खास जानकारी देने वाले हैं, जो अक्सर पीरियड्स से जुड़े छोटे-मोटे बदलावों से संबंधित हो सकते हैं।
महिलाएं इन लक्षणों को कई बार इग्नोर कर देती हैं और इस पर ध्यान नहीं देती हैं कि पिछली बार की तुलना में अबकी बार ब्लीडिंग ज्यादा या बहुत कम क्यों है। अगर पीरियड्स के दौरान हर 1 से 2 घंटे में पैड बदलना पड़ रहा हो या बहुत कम ब्लीडिंग हो रही है, तो यह सामान्य नहीं है। लंबे समय तक भारी ब्लीडिंग से शरीर में खून की कमी यानी एनीमिया का कारण बन सकता है।
संभावित कारण: हार्मोनल इम्बैलेंस, थायरॉइड समस्या, फाइब्रॉइड्स या PCOS
मासिक धर्म के दौरान पेट में दर्द या ऐंठन होना सामान्य होता है, लेकिन अगर बहुत ज्यादा दर्द है तो यह किसी अंदरूनी बीमारी का संकेत है जिसे इग्नोर नहीं किया जाना चाहिए। उदाहरण के लिए अगर दर्द इतना ज्यादा हो कि रोजमर्रा के काम करना मुश्किल हो जाए, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
संभावित कारण: एंडोमेट्रियोसिस, संक्रमण या गर्भाशय से जुड़ी अन्य समस्याएं
अगर पीरियड्स समय पर नहीं आ रहे हैं, बहुत जल्दी या बहुत देर से आ रहे हैं, तो यह हार्मोनल गड़बड़ी का संकेत हो सकता है। हालांकि, इरेगुलर पीरियड्स एक ऐसा संकेत है, जिसे कभी भी सामान्य नहीं समझना चाहिए और इस बारे में डॉक्टर से संपर्क कर लेना चाहिए, क्योंकि लंबे समय तक अनियमित पीरियड्स भविष्य में प्रजनन (fertility) को प्रभावित कर सकते हैं।
संभावित कारण: PCOS, तनाव, वजन में बदलाव और थायरॉइड प्रॉब्लम्स
(और पढ़ें - पीरियड्स देरी से आने के कारण)
पीरियड्स के दौरान ब्लीडिंग होना सामान्य है, लेकिन उन दिनों में ब्लीडिंग होना जब पीरियड्स न चल रहे हों यह एक अच्छा संकेत नहीं है। यह कई गंभीर बीमारियों का संकेत हो सकता है और इसे गलती से भी इग्नोर न करने की सलाह दी जाती है। अगर किसी महिला को पीरियड्स के बीच में ब्लीडिंग हो तो जल्द से जल्द डॉक्टर से संपर्क करें।
संभावित कारण: हार्मोनल बदलाव, गर्भाशय में इन्फेक्शन, पॉलिप्स या अन्य समस्याएं
पीरियड्स के दौरान हल्की कमजोरी सामान्य है, लेकन अगर किसी महिला को कुछ ज्यादा ही कमजोरी महसूस हो ही है और साथ ही साथ चक्कर आना, थकान रहना और सिर घूमने जैसे लक्षण भी हो रहे हैं तो ये किसी अंदरूनी बीमारी का संकेत हैं और इन्हें इग्नोर नहीं किया जाना चाहिए। यह संकेत है कि शरीर को पर्याप्त पोषण नहीं मिल रहा।
संभावित कारण: एनीमिया (खून की कमी), पोषण की कमी
निष्कर्ष
पीरियड्स महिलाओं के स्वास्थ्य का एक महत्वपूर्ण संकेत हैं। अगर इनमें कोई असामान्य बदलाव दिखता है, तो उसे नजरअंदाज करना सही नहीं है। समय पर सही जांच और इलाज से बड़ी समस्याओं से बचा जा सकता है। अपने शरीर के संकेतों को समझना और जागरूक रहना ही बेहतर स्वास्थ्य की कुंजी है।
अस्वीकरण: प्रिय पाठकों यह आर्टिकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए जिम्मेदारी का दावा नहीं करता है।