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शरीर में दिखे ये 5 'साइलेंट' संकेत तो समझ लें किडनी हो रही है खराब, जानें न दिखाई देने वाले ये साइलेंट संकेत

किडनी से संबंधित रोगों के सामने आने में थोड़ा ज्यादा समय लगता है लेकिन आप इसके साइलेंट संकेतों को जानकर इस रोग का पता लगा सकते हैं और इस जानलेवा बीमारी से बच सकते हैं।

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Written By: Jitendra Gupta | Updated : November 6, 2020 6:31 PM IST

किडनी से संबंधित रोग एक ऐसी स्वास्थ्य स्थिति है, जो किसी भी व्यक्ति के लिए जानलेवा भी साबित हो सकती है। किडनी हमारे शरीर का एक छिपा हुआ योद्धा है, जो शरीर में मौजूद विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालकर हमें स्वस्थ रखने का काम करता है। लेकिन इसके काम में जरा सी गलती आपको बीमार बना सकती है। किडनी से संबंधित रोगों के सामने आने में थोड़ा ज्यादा समय लगता है लेकिन आप इसके साइलेंट संकेतों को जानकर इस रोग का पता लगा सकते हैं और इस जानलेवा बीमारी से बच सकते हैं। इस लेख में हम आपको ऐसे 5 साइलेंट संकेतों के बारे में बता रहे हैं, जिन्हें जानकर आप इस घातक रोग से बच सकते हैं। तो आइए जानते हैं किडनी रोग के साइलेंट संकेतों के बारे में।

हमेशा थका-थका महसूस करना

गुर्दे (किडनी) आपके रक्त से अपशिष्ट को छानकर पेशाब के रास्ते उसे शरीर से बाहर निकाल देते हैं। जब आपकी किडनी सही काम नहीं करती है, तो शरीर में विषाक्त पदार्थ बन सकते हैं। इसका एक प्रमुख लक्षण है आपको हमेशा थका-थका सा महसूस होना। आपको ऐसा महसूस होगा कि न जाने आपने कितना काम कर लिया हो, कमजोरी महसूस होगी या फिर आप ध्यान केंद्रित करने में परेशानी महसूस कर सकते हैं। दरअसल हमारी किडनी एक हार्मोन बनाते हैं जो आपके शरीर को लाल रक्त कोशिकाओं का निर्माण करने के लिए कहता है। अगर इन हार्मोन की संख्या में कमी आती है तो आपका रक्त आपकी मांसपेशियों और मस्तिष्क को उतना ऑक्सीजन नहीं दे पाएगा जितनी कि उन्हें जरूरत है।

ठीक से नींद न आना

कुछ अध्ययन बताते हैं कि स्लीप एपनिया और क्रोनिक किडनी डिजीज (सीकेडी) के बीच एक संभावित जुड़ाव देखा गया है, जो समय के साथ आपके अंगों को नुकसान पहुंचाते हैं और किडनी फेल्योर का कारण बन सकते हैं। स्लीप एपनिया आपके शरीर में पर्याप्त ऑक्सीजन प्राप्त करने से रोककर आपके गुर्दे को चोट पहुंचा सकता है। क्रॉनिक किडनी डिजीज के कारण आपका गला संकरा हो सकता है, शरीर में विषाक्त पदार्थ बढ़ सकते हैं।

त्वचा पर खुजली होना

यह तब हो सकता है जब आपके गुर्दे विषाक्त पदार्थों को बाहर नहीं निकाल पाते हैं और आपके रक्त में ये विषाक्त पदार्थ बनने लगते हैं। यह हाथ-पैर या फिर शरीर के किसी भी हिस्से पर दाने का कारण बन सकता है या आपको हर जगह खुजली हो सकती है। समय के साथ-साथ आपके गुर्दे आपके शरीर में मिनरल्स और पोषक तत्वों को संतुलित करने में सक्षम नहीं हो पाते हैं और ये मिनरल्स और हड्डियों की बीमारी का कारण बन सकते हैं, जिससे आपकी त्वचा सूखी और खुजलीदार हो सकती है।

सूजा हुआ चेहरा और पैर

जब आपकी किडनी शरीर से अच्छी तरह सोडियम बाहर निकाल नहीं पाती तो आपके शरीर में तरल पदार्थ का निर्माण होने लगता है। इसके कारण आपके हाथ, पैर, टखनों, या फिर चेहरे पर सूजन आनी शुरू हो जाती है। आप विशेष रूप से अपने पैरों और टखनों पर सूजन देख सकते हैं। और आपके मूत्र में रिसने वाला प्रोटीन आपकी आंखों के आसपास फुंसियां के रूप में भी दिखाई दे सकता है।

मांसपेशियों में ऐंठन

आपके पैरों और अन्य जगहों पर ऐंठन किडनी के खराब होने का एक संकेत हो सकता है। सोडियम, कैल्शियम, पोटेशियम, या अन्य इलेक्ट्रोलाइट्स के स्तर में असंतुलन आपकी मांसपेशियों और तंत्रिकाओं के काम करने में बाधा उत्पन्न कर सकता है, जिसके कारण आपकी मांसपेशियों में ऐंठन हो जाती है और आप किडनी रोग से ग्रस्त हो जाते हैं।