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मसूड़ों की समस्याएं बहुत आम हैं। यह बच्चे, बूढ़े या फिर किसी भी उम्र के इंसान को हो सकती है। भले ही आप नियमित रूप से ब्रश, फ्लॉसिंग और माउथवॉश का इस्तेमाल करते हों लेकिन आपको मसूड़ों की समस्याएं हो सकती हैं। अस्वस्थ खानपान की आदतें और मुंह की ठीक से सफाई न होना इसका प्रमुख कारण है।
अगर आप अपनी मसूड़ों की बीमारी से छुटकारा चाहते हैं या उससे बचाव चाहते हैं तो हम आपके लिए 5 हर्बल उपाय लाए हैं।
नीम
नीम की टहनी से दांत ब्रश करना एक बहुत पुराना और प्रभावशाली तरीका है मुंह की सफाई का। इसे दातुन कहा जाता है। नीम के पेड़ में आश्चर्यजनक ऐन्टीमाइक्रोबीअल (antimicrobial) और एंटी फंगल तत्व होते हैं जिन्हें मुंह की समस्या के लिए चिकित्सा जगत में महत्वपूर्ण माना जाता है।
टिप: पानी में कुछ नीम की पत्तियां डाल कर उबालें और उससे दिन में तीन से चार बार कुल्ला करें। ऐसा करने से आपके मसूड़े बीमारियों से दूर रहेंगे।
मुलैठी
मुलैठी यानि लिकोराइस (licorice) की जड़ में लिकोराइसाइडिन और लिकोराइसोफ्लेविन ए होता है जो कि ओरल कैविटी के विकास को रोकते हैं और सांस की बदबू से लड़ते हैं।
टिप: मुलैठी के पाउडर को एक चुटकी में लेकर प्रभावित दांत पर लगाएं या इस पाउडर से रोज़ ब्रश करें। ऐसा करके आप अपनी मसूड़ों की समस्याओं से निजात पा लेंगे।
तुलसी
सभी जानते हैं कि तुलसी की पत्तियों में कितने औषधीय गुण होते हैं। एक प्राकृतिक एंटीबायोटिक होने के नाते तुलसी मसूड़ों की समस्याओं को रोकने में काफी अहम भूमिका निभाती है। इसके एंटीबैक्टीरियल गुण से प्लाक और सांस की बदबू जैसी समस्याएं भी दूर हो जाती हैं।
टिप: मसूड़ों की समस्याओं से निपटने के लिए हर रोज़ कुछ पत्ते तुलसी के चबाएं।
लोबान
लोबान यानि गुग्गुल का इस्तेमाल बहुत सी आयुर्वेदिक दवाओं में किया जाता है। इसमें एंटी इनफ्लेमेटरी तत्व होते हैं जो कि बैक्टीरियल ग्रोथ और प्लाक जमने को रोकते हैं।
टिप: एक ग्लास पानी में आधा चम्मच लोबान मिलाएं और उसका इस्तेमाल माउथवॉश की तरह करें। दिन में दो से तीन बार इससे कुल्ला करने से आप अपने मसूड़ों को स्वस्थ रख पाएंगे।
लौंग
मसूड़ों की समस्याओं से निपटने वाले सभी प्राकृतिक उपचारों में से लौंग सबसे अधिक प्रभावशाली मानी जाती है। इसमें ईजीनॉल नाम का एक तत्व होता है जो एक शक्तिशाली एंटीसेप्टिक और एनलगेसिक के रूप में काम करता है।
टिप: मसूड़ों में जिस जगह दर्द हो रहा हो वहां लौंग का तेल लगाएं, दर्द से फौरन राहत मिलेगी। साथ ही, बैक्टीरियल ग्रोथ और मुंह की समस्याएं भी दूर रहेंगी।
मूल स्रोत: 5 herbal remedies to prevent gum disease
अनुवादक: Shabnam Khan
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