Healthy Ghee to Eat in hindi : पीला या सफेद घी कौन सा घी है ज्यादा हेल्दी? जानें दोनों के बीच का अंतर और स्वास्थ्य लाभ

अगर आपको इस बात की जनाकारी नहीं है कि घी का रंग किस प्रकार बदलता है तो हम आपको बताते हैं कि सफेद घी भैंस के दूध से बनता है और पीला घी गाय के दूध से बनता है।

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Written By: Jitendra Gupta | Published : November 9, 2021 1:18 PM IST

आपने पहले भी कई लेख में देसी घी के फायदों के बारे में पढ़ा होगा। ये न सिर्फ आपके फूड्स को एक अलग स्वाद देने का काम करता है बल्कि खाने को नरम भी बनाता है। इतना ही नहीं ये ढेर सारे पोषक तत्वों से भरा होता है। आप चाहें कटोरी भरकर दाल खाएं या फिर रोटी या फिर परांठा, देसी घी किसी भी डिश के स्वाद को लाजवाब बनाने का काम करता है और आपकी सेहत को भी दुरुस्त रखता है। हालांकि बहुत से लोग ऐसे हैं, जो ये सोचते हैं कि देसी घी के सेवन से उनका वजन बढ़ जाएगा लेकिन वास्तव में घी स्वास्थ्य फायदों का खजाना है।

दरअसल देसी घी प्रोटीन, हेल्दी फैट, विटामिन ए, ई और के का एक समृद्ध स्त्रोत है। देसी घी न सिर्फ आपकी स्किन के लिए बल्कि आपके बाल से लेकर आपके पाचन तंत्र और ह्रदय स्वास्थ्य के लिए भी बहुत ज्यादा फायदेमंद होता है।

अगर आपको इस बात की जनाकारी नहीं है कि घी का रंग किस प्रकार बदलता है तो हम आपको बताते हैं कि सफेद घी भैंस के दूध से बनता है और पीला घी गाय के दूध से बनता है। लेकिन इन दोनों में से देसी घी की कौन सी किस्म बेहतर है, यह जानने के लिए आपको थोड़ी जानकारी की जरूरत पड़ेगी। आइए जानते हैं कौन सा देसी घी ज्यादा बेहतर है।

सफेद घी यानी भैंस के दूध से बनने वाला घी

सफेद घी में पीले घी की तुलना में फैट की मात्रा कम पाई जाती है। यही कारण है कि इसे लंबे समय तक आसान और सुरक्षित तरीके से स्टोर किया जा सकता है। यह आपकी हड्डियों को हेल्दी बनाए रखने, वजन बढ़ाने और हृदय की मांसपेशियों की गतिविधि को दुरुस्त रखने में मदद करता है। भैंस का घी मैग्नीशियम, कैल्शियम और फास्फोरस जैसे आवश्यक पोषक तत्वों से युक्त होता है, जो आपके लिए काफी फायदेमंद साबित हो सकता है।

पीला घी यानी गाय के दूध से बनने वाला घी

अगर आप वजन घटाना चाहते हैं तो गाय का घी आपके लिए बेस्ट सिद्ध हो सकता है। गाय के घी से वयस्कों और बच्चों में मोटापे को कम करने में मदद मिलती है साथ ही इसे पचाना भी आसान होता है। गाय के दूध में A2 प्रोटीन होता है, जो भैंस के दूध में नहीं होता। A2 प्रोटीन सिर्फ गाय के घी में ही मिलता है। गाय के घी में प्रोटीन, मिनरल्स, कैल्शियम, विटामिन की प्रचुर मात्रा पाई जाती है। गाय के घी का सेवन करने से हृदय की कार्यक्षमता बेहतर होती है,और तो और शरीर में मौजूद ब्लड कोलेस्ट्रॉल लेवल भी कम होता है। इसके अलावा आपके कोलेस्ट्रॉल लेवल में भी सुधार होता है।

कौन सा घी है ज्यादा बेहतर

आपको ये जानकर हैरानी होगी कि दोनों तरह के घी शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए बेहद फायदेमंद होते हैं और इनमें फैट की मात्रा लगभग एक समान होती है। हालांकि बरसों से भैंस के घी की तुलना में गाय के घी को प्राथमिकता दी जाती है। गाय का घीबेहतर भी होता है क्योंकि इसमें कैरोटीन विटामिन ए होता है, जो आंख और मस्तिष्क के कार्य के लिए काफी अच्छा माना जाता है। यह पाचन के लिए भी अच्छा होता है और इसमें एंटीबैक्टीरियल, एंटीफंगल और एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं।

भैंस के घी में गाय के घी की तुलना में फैट और कैलोरी की मात्रा ज्यादा होती है। यह सर्दी, खांसी और कफ जैसी समस्या को दूर करने और जोड़ों को हेल्दी बनाए रखने में भी मदद करता है और एजिंग के प्रभाव को कम करता है।