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Written By: Atul Modi | Published : January 19, 2023 2:16 PM IST
वीगन डाइट के रूप में जाना जाने वाला प्लांट-बेस्ड डाइट (पौधे आधारित आहार) का चलन हाल के वर्षों में काफी लोकप्रियता के साथ बढ़ रहा है। पूरी दुनिया में वीगन डाइट की स्वीकार्यता बढ़ रही है। वहीं दूसरी ओर मांस, डेयरी और अंडे जैसे एनिमल-बेस्ड उत्पादों को सीमित या समाप्त करते हुए लोग मुख्य रूप से फल, सब्जियां, साबुत अनाज, मोटे अनाज और सूखे मेवे आदि को अपनी डाइट में शामिल कर रहे हैं। वीगन डाइट कोई फैशन ट्रेंड नहीं है बल्कि इसके कई स्वास्थ्य लाभ भी हैं। इस पर शोध के बाद यह बातें कहीं गई है। वीगन डाइट क्या है (Vegan Diet Kya Hai) और वीगन डाइट के फायदे (Vegan Diet Ke Fayde) क्या हैं इसके बारे में हम आज आपको एक-एक करके बताएंगे।
वीगन डाइट एक प्रकार का प्लांट बेस्ड डाइट है, जिसमें मांस, डेयरी, अंडे, शहद और दूध समेत सभी एनिमल बेस्ड उत्पादों को शामिल नहीं किया जाता है। वीगन डाइट या शाकाहारी आहार में आमतौर पर फल, सब्जियां, अनाज, फलियां और मेवे इत्यादि शामिल होते हैं। इसमें सोया मिल्क और टोफू (सोया पनीर) जैसे खाद्य पदार्थों को एनिमल बेस्ड उत्पादों के विकल्प के तौर पर प्रयोग किया जाता है। लोग वीगन डायट को कई कारणों से चुनते हैं। खासकर इसके स्वास्थ्य लाभ, पर्यावरण संबंधी चिंताएं और पशुओं को उनके अधिकारों से जुड़ी नैतिकतायें शामिल हैं।
शोध से पता चलता है कि, प्लांट-बेस्ड डाइट कई तरह की बीमारियों को होने से रोकता है। यह गंभीर बीमारियों के खतरों को भी कम करता है। उदाहरण के लिए शाकाहारी भोजन को हृदय रोग, हाई ब्लड प्रेशर, टाइप टू डायबिटीज से जुड़ाव देखा गया है। शोध में यह पाया गया कि वीगन डाइट से इन बीमारियों के होने की दर कम थी। प्लांट बेस्ड डाइट कुछ प्रकार के कैंसर जैसे कोलन कैंसर और ब्रेस्ट कैंसर के खतरे को कम करते हैं। इसके अलावा वीगन डाइट वेट मैनेजमेंट में सहायता करते हैं और आंतों को हेल्दी रखते हैं।
दरअसल, वीगन डाइट नॉन वेजिटेरियन डाइट की तुलना में इसलिए ज्यादा फायदेमंद है। क्योंकि वीगन डाइट में आमतौर पर फाइबर, एंटीऑक्सीडेंट और अन्य फायदेमंद पोषक तत्व अधिक मात्रा में पाए जाते हैं। जबकि यह संतृप्त वसा में कम होते हैं। हृदय को स्वस्थ रखने, क्रॉनिक डिजीज को रोकने और संपूर्ण स्वास्थ्य को बेहतर रखने के लिए यह सभी पोषक तत्व बहुत ही महत्वपूर्ण हैं।
इसके अलावा, यह भी ध्यान देने योग्य है कि प्लांट-बेस्ड डाइट के पर्यावरणीय लाभ भी हो सकते हैं। क्योंकि एक एनिमल-बेस्ड उत्पादों के प्रोडक्शन के लिए अधिक मात्रा में संसाधनों की आवश्यकता होती है। जिसके परिणाम स्वरूप अधिक मात्रा में ग्रीन हाउस गैसों का उत्सर्जन होता है, जो क्लाइमेट चेंज में बड़ी भूमिका निभाता है।
हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी हो जाता है कि प्लांट-बेस्ड डाइट तभी आपके लिए हेल्दी हो सकता है जब आप सुनियोजित तरीके से इसका सेवन करते हैं। यानी जब इसमें प्रोटीन, आयरन, कैल्शियम और ओमेगा 3 फैटी एसिड जैसे सभी जरूरी पोषक तत्व शामिल होते हैं, तभी आपको इसके लाभ मिलते हैं। इसलिए अपने आहार में कोई बड़ा बदलाव करने से पहले किसी डाइटिशियन या न्यूट्रिशनिस्ट से सलाह जरूर लें।
निष्कर्ष: प्लांट बेस्ड या वीगन डाइट (Vegan Diet) की बढ़ती प्रवृत्ति लोगों को इसके फायदे तो दिखा रही है और यह कई लोगों के लिए एक स्वस्थ विकल्प हो सकता है, लेकिन पोषक तत्वों के प्रति खुद को जागरूक रखना भी जरूरी है। इसलिए अगर आप अपने आहार में कोई परिवर्तन करने की सोच रहे हैं तो एक्सपर्ट की सलाह लेना जरूरी है।