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Written By: Atul Modi | Published : February 16, 2023 2:05 PM IST
दिल की सेहत दुरुस्त रहे, उसके लिए उसकी खास देखभाल करनी जरूरी है। लेकिन कई मामलों में ये काम काफी चैलेंजिंग भरा हो सकता है। शारीरिक गतिविधि न करना, जरूरत से ज्यादा मोटापा, शराब पीने के लती, तंबाकू का सेवन करना, खराब डाइट, हाई ब्लडप्रेशर या फिर हाई कोलेस्ट्रॉल जैसे कुछ कारण दिन की सेहत को खतरे में डाल सकते हैं। इन सभी कारणों में से सबसे खतरनाक कारण हाई कोलेस्ट्रॉल का लेवल है। इससे दिल के दौरे का खतरा दोगुना हो जाता है। अगर कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल में रखा जाएगा तो, दिल की सेहत अच्छी बनी रहेगी। जिस्म्में आपकी मदद कुछ सब्जियां (Vegetables For Heart And High Cholesterol) बखूबी ढंग से कर सकती हैं।
दिल को स्वस्थ्य रखने के लिए सब्जियां काफी मददगार होती हैं। सब्जियों में फाइबर, एंटी-ऑक्सीडेंट समेत कई जरूरी पोषक तत्व भरपूर मात्रा में होते हैं। जो दिल को सही ढंग से काम करने में मदद करते हैं। इसके अलावा सब्जियों में कैलोरी भी काफी कम होती है, जो एक स्वस्थ्य वजन को बनाए रखने के लिए जरूरी हैं। एक्सपर्ट्स की मानें तो कुछ सब्जियों में पेक्टिन नाम का घुलनशील फाइबर होता है, जो कोलेस्ट्रॉल को कम करता है। वहीं सब्जियों के अलावा सेब और संतरे में भी पेक्टिन की अच्छी खासी मात्रा होती है।
हाई कोलेस्ट्रॉल से निपटने के लिए ब्रोकली खाना फायदेमंद हो सकता है। ब्रोकली की खासियत यह है कि वो एक हाई घुलनशील फाइबर है। इसमें सल्फोराफेन नाम का एक तरह का सल्फर युक्त यौगिक होता है, जो शरीर से ट्राईग्लिसराइड के लेवल को भी कम करने में मदद करता है। ब्रोकली में मौजूद फाइबर बाइल एसिड डायजेशन के साथ बांधता है, जिससे शरीर से कोलेस्ट्रॉल का बाहर निकलना काफी आसान हो जाता है। अगर हम फाइबर से भरपूर सब्जियां खाते हैं, तो इससे ज्यादा भूख भी नहीं लगती।
गाजर दिल के लिए काफी ज्यादा फायदेमंद होती है। हमारा शरीर इसमें मौजूद बीटा-कैरोटीन को विटामिन ए में बदल देता है। वहीं बीटा कैरोटीन बीसीओ 1 को एक्टिव करने में मदद करता है, जो ब्लड से कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम करता है। जिससे दिल से जुड़े रोगों को रोकने में मदद मिलती है। गाजर में अधिकतर पेक्टिन के रूप में घुलनशील फाइबर होता है। गाजर के घुलनशील रेशों से ब्लड कोलेस्ट्रॉल का लेवल कम हो जाता है।
पोटैशियम, फाइबर, कैल्शियम और फोलेट दिल को स्वस्थ्य रखने के लिए जरूरी हैं। जो हमें केल से मिल सकते हैं। यह एलडीएल के लेवल को कम करके दिल से जुड़ी बीमारी को बढ़ने से रोकने में मदद करते हैं। इसमें विटामिन के अलावा ल्यूटिन भी होता है। जो जमे हुए कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम करने के लिए जाना जाता है।
मूली नसों और धमनियों की सूजन को रोकने के साथ बैड कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम करती है। हाई ब्लडप्रेशर को कम करने और दिल की बीमारी को पनपने से रोकने में मूली में मौजूद खनिज मदद करते हैं। इसमें आहार फाइबर भरपूर मात्रा में होता है, जिससे बैड कोलेस्ट्रोल बढ़ नहीं पाता।
फूलगोभी में कई सारे प्लांट स्टेरोल्स होते हैं, जो एक तरह का लिपिड जो आंतों को कोलेस्ट्रॉल को अवशोषित करने से रोकता है। फूलगोभी में मौजूद सल्फोराफेन ब्लड में कोलेस्ट्रॉल के लेवल को कम करने में भी मदद करता है।
एक्सपर्ट्स के मुताबिक, हर रोज कम से कम 30 से 35 ग्राम डाइट फाइबर का सेवन किसी ना किसी रूप में जरुर करना चाहिए। बैड कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने के लिए ये सब्जियां डाइट आहार के रूप में ली जा सकती हैं। इनका सेवन जूस, सूप, व्वाइल, डीप फ्राई किसी भी तरह से कर सकते हैं।