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Vegetable oils are a great source of good fats or unsaturated fats.
Vegetable Oil: वेजिटेबल ऑयल यानि पौधों से प्राप्त होने वाले तेल जैसे- सनफ्लावर ऑयल, पीनट ऑयल, सरसो का तेल या सोयाबीन ऑयल भारतीयों (Vegetable Oil) के किचन की शान बढ़ाता है। ज्यादातर इंडियन्स वेजिटेबल्स ऑयल (Vegetable Oil) का इस्तेमाल करते हैं। लेकिन क्या ये तेल हमारे स्वास्थ्य के लिए लाभकारी होते हैं।
कई विशेषज्ञों का मानना है कि हमें अपने खाने में पूरे दिन में सिर्फ 10 चम्मच तेल का इस्तेमाल करना चाहिए। लेकिन क्या वेजिटेबल ऑयल (Vegetable Oil) सेहत के लिए अच्छा माना जाता है। विशेषज्ञों का कहना है कि पौधों से प्राप्त होने वाली चीजें, सेहत के लिए अच्छी होती हैं। मांस या फिर केमिकल द्वार बनी हुई चीजों की तुलना में पौधों से प्राप्त खाद्य पदार्थ हमारी सेहत के लिए अच्छे माने जाते हैं। इसलिए क्या वेजिटेबल ऑयल हमारे लिए स्वास्थ्यवर्धक होता है?
पौधों से प्राप्त खाद्य पदार्थ सेहत के लिए लाभकारी होता है, साथ ही पर्यावरण की दृष्टि से भी अच्छा माना जाता है। इसलिए हमें ज्यादातर पौधों से प्राप्त खाद्य पदार्थ का सेवन करना चाहिए। ऐसे में वेजिटेबल ऑयल भी पौधों से प्राप्त ऑयल है, इसलिए ये सेहत के लिए नुकसानदायी नहीं, बल्कि लाभकारी होता है। चलिए जानते हैं वेजिटेबल ऑयल खाने (Health Benefits of Vegetable Oil) के फायदे-
कई वेजिटेबल ऑयल में फैटी एसिड की मात्रा ज्यादा होती है जिस वजह से ये दिल के लिए फायदेमंद होते हैं। अगर आप सोयाबीन ऑयल का इस्तेमाल करते हैं तो जान लें कि इसके सेवन से कोलेस्ट्रॉल लेवल कम रहता है। इसके अलावा इसमें पॉलीअनसैचुरेटेड फैटी एसिड और एसेंशियल फैटी एसिड की मात्रा ज्यादा रहती है जिससे दिल की कार्यक्षमता बढ़ जाती है।
पीनट, ऑलिव या सोयाबीन ऑयल में खाना बनाने से न सिर्फ डिश की पौष्टिकता बढ़ती है बल्कि उसका स्वाद भी कई गुना बढ़ जाता है। इस तेल की महक ही खाने के स्वाद को बढ़ा देती है और यही वजह है कि अधिकतर घरों में इसका इस्तेमाल होता है।
आपको बता दें कि वेजिटेबल ऑयल में ट्रांस फैट बिल्कुल भी नहीं होता है। आमतौर पर ट्रांस फैट एनिमल प्रोडक्ट से ज्यादा मिलते हैं और इनसे दिल से जुड़ी बीमारियां, टाइप-2 डायबिटीज या स्ट्रोक होने का खतरा बढ़ जाता है।
हाल ही में किये एक शोध के अनुसार जो महिलायें रोजाना राइस ब्रान ऑयल का उपयोग करती हैं उनमें मेनोपॉज के दौरान हॉट फ्लेशेज की समस्या काफी कम रहती है। इसलिए आप भी इसका नियमित सेवन करें।