केसरिया ही नहीं काली और बैंगनी गाजर भी है बाजार में आसानी से उपलब्ध, जानें इन रंग-बिरंगी गाजरों के स्वास्थ्य लाभ

क्या आप जानते हैं कि पर्पल रंग की गाजर जिसे काली गाजर या ब्लैक कैरेट कहा जाता है वह केवल अपने रंग ही नहीं बल्कि अपने गुणों के लिहाज से भी खास होती है। जी हां, काली गाजर खाने से आपके स्वास्थ्य में कई तरह के अच्छे बदलाव आ सकते हैं।

WrittenBy

Written By: Sadhna Tiwari | Updated : February 2, 2024 7:31 AM IST

Purple Carrot Health Benefits: गाजर सर्दियों के मौसम की खास सब्जी है जिसे सलाद, सब्जी, हलवा और पुलाव जैसी डिशेज में इस्तेमाल किया जाता है। वहीं, बच्चों को भी गाजर अपने मीठे स्वाद और आकर्षक रंग की वजह से खूब पसंद आती है। लाल और केसरिया रंग की गाजर से सर्दियों में सब्जी मंडी में दुकानें भर जाती हैं। लेकिन कभी-कभार आपने काली या पर्पल रंग की गाजर (purple carrot) भी देखी होगी। क्या आप जानते हैं कि पर्पल रंग की गाजर जिसे काली गाजर, देसी गाजर (Desi gajar) या ब्लैक कैरेट कहा जाता है वह केवल अपने रंग ही नहीं बल्कि अपने गुणों के लिहाज से भी खास होती है। जी हां, काली गाजर खाने से आपके स्वास्थ्य में कई तरह के अच्छे बदलाव (Kaali gajar khane ke fayde) आ सकते हैं। काली गाजर खाने के कुछ ऐसे ही फायदों (Purple Carrot Health Benefits In Hindi) के बारे में आप पढ़ सकते हैं यहां। काली गाजर की इन खूबियों को जानने के बाद आप भी इन्हें अपनी डाइट में शामिल किए बिना रह ना सकेंगे।

काली गाजर खाने से सेहत को क्या फायदे होते हैं? (Advantages of eating black carrot or purple carrot)

नेचुरल ड्रिंक

काली गाजर या बैंगनी रंग की गाजर का स्वाद केसरिया-लाल रंग की गाजर से अधिक मीठी होती है। लम्बे समय से कांजी और शर्ब बनाने के लिए काली गाजर का इस्तेमाल किया जाता रहा है। जो लोग सर्दियों में हेल्दी जूस पीना चाहते हैं वे काली गाजर का शर्बत (kali gajar ka juice) पी सकते हैं।

कैंसर का रिस्क करे कम

काली गाजर में कई स्ट्रॉन्ग एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं जो  कैंसर जैसी बीमारियों का रिस्क (risk of cancer) कम करती है। कुछ स्टडीज के अनुसार काली गाजर में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स कैंसर से लड़ने वाली प्रॉपर्टीज से समृद्ध होती हैं।

वेट लॉस

काली देसी गाजर एक लो-कैलोरी सब्जी (low calorie vegetable) है और साथ ही इसमें पोषक तत्वों की मात्रा काफी अधिक होती है। काली गाजर में सोल्यूबल फाइबर भी पाए जाते हैं जो पेट जल्दी भरने और देर तक भूख ना लगने में मदद करते हैं। इससे वेट लॉस में काफी मदद हो सकती है। (Purple carrot for weight loss)

डाइजेशन बढ़ाए

तापमान बदलने के साथ ही डाइजेशन स्लो हो जाता है। सर्दियों के सीजन में काली गाजर खाने से डाइजेस्टिव सिस्टम स्ट्रॉन्ग बनता है। गाजर में डाइटरी फाइबर पाया जाता है जो एसिडिटी (acidity), कॉन्स्टिपेशन और पेट फूलने (abdominal bloating) जैसी परेशानियों से आराम दिलाता है।