Gandhi Jayanti 2021 Special: जिस नमक के लिए गांधी जी ने किया था आंदोलन, जानें क्यों सेहत के लिए है ज़रूरी

खाने का स्वाद बढ़ाने के अलावा नमक शरीर का पोषण करता है। इसीलिए नमक खाने से पूरी तरह परहेज करना सेहत के लिए हानिकारक हो सकता है।

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Written By: Sadhna Tiwari | Updated : October 1, 2021 3:47 PM IST

Gandhi Jayanti Special: भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में अहिंसा के मार्ग पर लोगों के लिए प्रोत्साहित करते थे महात्मा गांधी।  आज जो नमक 10 रुपए से भी कम कीमत पर बाज़ार में उपलब्ध है और हर घर में खाने में सबसे अधिक इस्तेमाल  की जाने वाली चीजों में से एक है कभी, उसी नमक के लिए लोगों को अतिरिक्त टैक्स देना पड़ता था। लोगों के लिए उनकी रोज़मर्रा की ज़रूरत के लिए नमक (Sea Salt) उपलब्ध हो, इसी मांग को मंगवाने केलिए दांड़ी मार्च करने वाले महात्मा गांधी ने भारतीयों के लिए बिना टैक्स नमक पर अधिकार की लड़ाई लड़ी थी। नमक के बिना हम अपने भोजन की कल्पना भी नहीं कर सकते है। लेकिन स्वाद के अलावा यह सफेद खनिज हमारे भोजन के ज़रिए हमारे शरीर का पोषण करता है। (Salt Health benefits) इसीलिए शरीर को रोज़ाना नमक की सही मात्रा मिलना आवश्यक है। (Why Salt is important for health in Hindi)

नमक का सेवन शरीर के लिए फायदेमंद है या नुकसानदायक ?

अक्सर डॉक्टर्स कम नमक खाने की सलाह देते हैं। क्योंकि, सोडियम की अधिक मात्रा शरीर में पहुंचकर शरीर की कार्यप्रणालियों को नुकसान पहुंचाती है और कम मात्रा में नमक का सेवन करने से सोडियम की मात्रा कंट्रोल करने में मदद होती है। हालांकि कम मात्रा में नमक का सेवन आपके शरीर के लिए जहां फायदेमंद साबित होता है वहीं नमक ना खाने या पूरी तरह नमक से परहेज करने से आपकी सेहत को कई तरह से नुकसान भी पहुंच सकता है। (Why consuming Salt is important), नमक खाने से शरीर को कैसे (Health benefits of sea salt)  फायदा पहुंचता है आइए जानते हैं-

थायरॉइड ग्लैंड करता है सही तरीके से काम

मेटाबॉलिज़्म (Metabolism) सुचारू रखने के लिए थायरॉइड ग्लैंड (Thyroid Gland) की भूमिका अहम है। थायरॉइड ग्लैंड के काम करने के लिए आपके शरीर को खनिज तत्व आयोडिन की ज़रूरत पड़ती है। नमक आयोडिन का एक अच्छा स्रोत है। आयोडिन की कमी होने पर आपका शरीर थॉयरॉइड हार्मोन्स की उतनी मात्रा उत्पन्न नहीं कर पाता जितने की आवश्यकता आपको पड़ती है। आयोडिन की कमी होने पर कई प्रकार की समस्याएं बढ़ जाती हैं। शरीर मेंआयोडिन की कमी के लक्षण के तौर पर ये समस्याएं दिखायी देती हैं-

  • थायरॉइड का आकार बढ़ जाता है
  • कॉन्स्टिपेशन की समस्या बढ़ सकती है
  •  सोचने-समझने में परेशानी हो सकती है।
  • तनाव (Stress)
  • थकान (Fatigue)
  • इम्यूनिटी कम हो सकती है जिससे, सर्दी-ज़ुकाम जैसे एलर्जिक रिएक्शन्स बार-बार होते हैं।

डिहाइड्रेशन से बचाता है

नमक शरीर में पानी के स्तर और इलेक्ट्रोलाइट बैलेंस को सही रखने में मदद करता है। जो कि शरीर के अंगों को कार्य करने के लिए आवश्यक है। शरीर के सेल्स, मसल्स और टिश्यूज़ को काम करने के लिए पानी की आवश्यकता होती है, और नमक शरीर के इन हिस्सों में तरल पदार्थों का स्तर सही तरीके से बनाए रखने में मदद करता है। शरीर में पानी की कमी के कारण मसल्स क्रैम्प,सिरदर्द और थकान जैसी तकलीफें होने लगती हैं।

गर्भावस्था में शिशु और मां के लिए लाभदायक

प्रेगनेंसी के दौरान गर्भवती महिलाओं के लिए हेल्दी डायट अत्यंत महत्वपूर्ण है क्योंकि, मां द्वारा खाया गया भोजन उसकी और बच्चे का स्वास्थ्य निर्धारित करता है। गर्भस्थ शिशु के सही विकास के लिए नमक का सेवन भी महत्वपूर्ण है। इसीलिए महिलाओं को गर्भावस्था में नमक के सेवन से परहेज नहीं करना चाहिए।

क्या नो सॉ`ल्ट डायट सही है: सेहत के लिए क्या नमक खाना बंद कर देना ठीक है।