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हार्मोन्स के असंतुलन से हो सकती हैं वजन बढ़ना और मूड स्विंग होना जैसी समस्याएं, जानिए हार्मोन संतुलित करने के उपाय
Hormonal Imbalance Test: हार्मोन्स हमारे दिमाग द्वारा नियंत्रित किए जाते हैं और यह आपके वजन बढ़ने या घटने, भूख लगने और मूड के लिए जिम्मेदार होते हैं। हार्मोन्स का आपकी मानसिक व शारीरिक सेहत पर बहुत गहरा असर पड़ता है। हार्मोन्स तब असंतुलित होते हैं जब या तो इनका बहुत ज्यादा स्त्राव होता है या बहुत कम। जवान महिलाओं में पीएमएस व उम्रदराज महिलाओं को मेनोपॉज इसका सबसे बड़ा उदाहरण हैं। यदि आप अपने हार्मोन्स को संतुलित रखना चाहते हैं तो निम्न चीजों को अपनी डाइट (Hormonal Imbalance Diet) में शामिल कर सकते हैं।
हेल्दी फैट्स खाने से आपके हार्मोन्स संतुलित होने में मदद मिलती है। यह आपके स्ट्रेस हार्मोन्स कोर्टिसोल और एड्रेनालाईन (Cortisol And Adrenaline Hormone) को स्थिर करने के लिए भी जिम्मेदार होते हैं। अतः हेल्दी फैट्स को जरूर अपनी डाइट में शामिल करें।
शुगर व जंक फूड से आप के शरीर में इन्फ्लेमेशन हो सकती है। बहुत अधिक मात्रा में शुगर खाने से आप के शरीर में इंसुलिन लेवल बढ़ जाता है जो आप के हार्मोन्स को असंतुलित (Hormonal Imbalance) करने का एक कारण माना जाता है। अतः इन चीजों को ज्यादा न खाएं।
कई बार आप बहुत सी ऐसी चीजें खा लेते हैं जिस कारण आप के हार्मोन्स असंतुलित (Hormonal Imbalance) हो जाते हैं और उन्हें संतुलित करने के लिए आप को अपने पेट की सेहत का खास ख्याल रखना होता है। इस स्थिति में ध्यान रखें कि आप ज्यादा से ज्यादा प्रोबायोटिक्स अपनी डाइट में एड करें। इन्हे प्राप्त करने के लिए आप दही, छाछ आदि चीजें खा सकते हैं जिससे आप के हार्मोन्स को संतुलित होने में मदद मिलती है।
स्ट्रेस भी आप के हार्मोन्स के असंतुलित होने का एक सबसे बड़ा कारण होता है। अधिक स्ट्रेस लेने से कार्टिसोल नामक हार्मोन (Cortisol (Hormonal) अधिक रिलीज होता है जिससे आप के बहुत ज्यादा मूड स्विंग्स होते है। इस से आप को भूख भी बहुत ज्यादा लगती है। अतः स्ट्रेस जितना हो सके उतना कम लें।
आप के लिए सबसे ज्यादा जरूरी होती है एक अच्छी व आरामदायक नींद। यदि आप पर्याप्त मात्रा में नहीं सोते हैं तो भी आप के हार्मोन्स असंतुलित हो जाते हैं। अतः कम से कम 8 घंटो की आरामदायक नींद लेना आप के लिए बहुत ज्यादा जरूरी होता है। अच्छी नींद लेने से आप का स्ट्रेस लेवल भी कम होता है।