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Written By: Atul Modi | Updated : July 8, 2024 4:31 PM IST
Arteries Cleansing Fruits: बंद धमनियां जिसे चिकित्सकीय भाषा में एथेरोस्क्लेरोसिस के नाम से जाना जाता है। बैड कोलेस्ट्रॉल, वसा, कैल्शियम और अन्य पदार्थ धमनियों में जमा हो जाते हैं, जिससे हृदय, मस्तिष्क और अन्य आवश्यक अंगों में ब्लड सर्कुलेशन कम हो जाता है। इसका प्रमुख कारण हाई कोलेस्ट्रॉल, हाई ब्लड प्रेशर, धूम्रपान, मधुमेह, मोटापा और आवश्यक शारीरिक गतिविधि की कमी है। अपने जीवनशैली में बदलाव और चिकित्सकीय उपचार से हार्टअटैक के जोखिम को कम किया जा सकता है। इस लेख में हम विस्तार से चर्चा करेंगे कि अपने हृदय को स्वस्थ रखने के लिए दिनचर्या और खान-पान में क्या प्रमुख बदलाव करनी चाहिए, जिससे धमनियों में कोलेस्ट्रॉल को कम करने मदद मिल सके।
लाल फलों के जूस स्वादिष्ट होने के साथ-साथ पोषक तत्वों और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होते हैं, जो हृदय के स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण होते हैं। इसमे एंथोसायनिन, लाइकोपीन और विटामिन सी जैसे यौगिक मौजूद होते हैं, जो कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करने और हृदय संबंधी कार्य को बेहतर बनाने के लिए जाने जाते हैं। लेकिन इनमें से किसी भी जूस के सेवन से पहले अपने डॉक्टर से जरूर सलाह लें।
अनार के जूस में एंटीऑक्सीडेंट भरपूर मात्रा में पाया जाता है। इसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं, जो रक्तचाप और कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करने में मदद करते हैं।
चुकंदर के जूस में नाइट्रेट भरपूर मात्रा में पाया जाता है, जो रक्त वाहिकाओं को चौड़ा करने और रक्त प्रवाह को बढ़ाने में मदद करता है। जिससे ब्लडप्रेशर कम होता है। आप अपने हृदय के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए नियमित रूप से रोज एक गिलास चुकंदर का जूस पी सकते हैं।
क्रैनबेरी जूस मूत्र से संबंधी स्वास्थ्य में सहायता के लिए जाना जाता है। इसके साथ ही यह दिल को स्वस्थ रखने में मदद करता है। इसमे मौजूद एंटीऑक्सीडेंट, कोलेस्ट्रॉल को कम करने के साथ ही धमनियों के अंदर प्लाक को कम करते हैं।
टमाटर को सब्जियों का स्वाद बढ़ाने के साथ ही कोलेस्ट्रॉल को कम करने के लिए भी जाना जाता है? टमाटर के जूस में लाइकोपीन भरपूर मात्रा में पाया जाता है, जो कोलेस्ट्रॉल और हृदय रोग के जोखिम को कम करने वाला एक एंटीऑक्सीडेंट है। धमनियों को साफ रखने के लिए आप नियमित रूप से एक गिलास ताजा टमाटर का जूस पी सकते हैं।
चेरी के जूस में एंथोसायनिन पाया जाता है, जो एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्सीडेंट यौगिक हैं। यह ऑक्सीडेटिव तनाव को कम करने और ब्लड सर्कुलेशन में सुधार करके हृदय को स्वस्थ रखने में मदद करता है।
लाल अंगूर के जूस में रेस्वेराट्रोल पाया जाता है, जो हृदय और ब्लड सेल्स को स्वस्थ और सुक्षित रखने मदद करता है।
ऊपर बताये गए जूस प्राकृतिक हैं और इनके कोई साइड इफेक्ट नहीं हैं। लेकिन इन्हें अपने आहार में शामिल करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इसके साथ ही जूस रोज कितनी मात्रा में लेना है, अपने डॉक्टर से पूछ सकते हैं।