... Read More
By clicking “Accept All Cookies”, you agree to the storing of cookies on your device to enhance site navigation, analyze site usage, and assist in our marketing efforts. Cookie Policy.
Written By: Kishori Mishra | Updated : March 11, 2020 11:50 AM IST
Belly Fat: बैली फैट करना चाहते हैं कम, तो आज ही इन 5 चीजों से बना लें दूरियां
Belly Fat Diet Tips: सही खान-पान ना होने के कारण पेट और कमर में एक्स्ट्रा चर्बी (Extra fat) हो जाती है और इस चर्बी (fat) को दूर करने के लिए हम कई तरह के एक्सरसाइज (Exercise) करना शुरू कर देते हैं। लेकिन सिर्फ एक्सरसाइज करने से ये चर्बी नहीं जाएगी। इसके लिए आपको एक्सरसाइज के साथ-साथ अपने डाइट (Diet) का भी विशेष ख्याल रखना होगा। (Belly Fat Diet Tips in hindi)
चर्बी बढ़ने की सबसे बड़ा कारण खान-पान होता है। हम पूरे दिन क्या खाते हैं, इसका असर हमारे शरीर पर पड़ता है। यह चर्बी सिर्फ हमारे पेट पर ही नहीं, बल्कि पूरे शरीर में धीरे-धीरे बढ़ने लगता है। इसलिए अगर आप फिट रहना चाहते हैं, तो अपने डाइट (Diet) पर विशेष ध्यान रखें। उन चीजों से दूर रहें, जिसमें शुगर, कार्बोहाइड्रेट की मात्रा अधिक होती है। चलिए जानते हैं किन चीजों को खाने से हमें परहेज करना चाहिए-
कैंडी
बहुत से लोग ऐसे हैं, जिन्हें कैंडी खाने की आदत होती है। अगर आप भी ऐसे लोगों में हैं, तो इस आदत को आज ही बदल लें। क्योंकि कैंडी में हाई कैलोरी मौजूद होता है। कैंडी में मौजूद हाई कैलोरी की वजह से आपका वजन काफी तेजी से बढ़ता है। इसलिए कैंडी या फिर किसी भी तरह की मिठाईयां खाना आज से ही कम कर दें।
कई ऐसे लोग होते हैं, जिन्हें लंच या डिनर के बाद सोडा ड्रिंक्स या कोक जैसी चीजें पीने की आदत होती है। सोडा और कोक में कैलोरी काफी मात्रा में होती है, जो आपके वजन को बढ़ाने का काम करता है। इसलिए इस आदत को बदल लें। अगर आप खाने के बाद कुछ ड्रिंक्स लेना चाहती हैं, तो सोडा या कोक की जगह पर आप आइस टी ले सकती हैं, ये आपके शरीर में मौजूद कैलोरी को कुछ ही सप्ताह के अंदर कम कर देगा।
मिल्क प्रॉक्ट को कैल्शियम का स्त्रोत माना जाता है, लेकिन इसमें कार्बोडाइड्रेड औप बैड फैट्स काफी अधिक मात्रा में होता है। अगर आप अपने बढ़ते बैली फैट पर कंट्रोल करना चाहती हैं, तो दुग्ध उत्पादों का इस्तेमाल करना कम कर दें। इनकी जगह पर आप हरी सब्जियां लें, इससे आपका बैली फैट भी कम होगा और शरीर को उचित मात्रा में पोषक तत्व भी मिलेगा। इसके साथ ही समूचा अनाज में भी काफी कैल्शियम होता है। आप मिक्ल प्रॉक्ट की जगह पर इसे खा सकते हैं।
फलों के जूस में पोषण तत्व की मात्रा बहुत ही अधिक होती है, इसलिए डॉक्टर भी जूस पीने की सलाह देते हैं। लेकिन अगर शुगर की बात करें, तो जूस में काफी मात्रा में होती है। इसलिए फलों के जूस को नियमित पेय पदार्थ के रूप में इस्तेमाल ना करें। अगर आप डॉक्टर की सलाह पर जूस पी रहे हैं, तो सुबह एक गिलास जूस पीएं, इससे कोई खास नुकसान नहीं होगा।
हाई फ्रक्टोज कॉर्न सीरप में मिठाई और रिफाइन्ड ग्रेन से होने वाली समस्याएं एक साथ होती हैं। इसलिए इसे अपने डाइट में शामिल करने से बचें।