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Written By: Anshumala | Published : September 21, 2018 5:34 PM IST
हल्दी में मौजूद करक्यूमिन बूढ़े-बुजुर्गों को अल्जाइमर की चपेट में आने से रोकता है। © Shutterstock
हल्दी सेहत के लिए बहुत फायदेमंद होती है। यह न केवल एक मसाला है बल्कि इसमें कई औषधीय गुण प्रचुर मात्रा में होते हैं। हल्दी का इस्तेमाल खाने के अलावा कई बीमारियों को दूर करने में भी किया जाता हैं। रोज हल्दी का सेवन करने से हमारे शरीर को कई सेहत लाभ मिलते हैं। रोजाना हल्दी खाने से आपकी याद्दाश्त अच्छी हो सकती है। आपका मूड तरोताजा हो सकता है।
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हल्दी में पाए जाने वाले ‘करक्यूमिन’ में ऑक्सीकरण-रोधी गुण होते हैं। इसे एक संभावित कारण बताया गया है कि भारत में जहां करक्यूमिन आहार में शामिल होता है, बूढ़े-बुजुर्ग अल्जाइमर की चपेट में कम आते हैं। उनकी याददाश्त भी तुलनात्मक रूप से अच्छी होती है। लॉस ऐंजिल्स की यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया में हुए एक शोध के अनुसार, करक्यूमिन अपना असर कैसे दिखाता है, यह ठीक-ठीक पता नहीं है, लेकिन दिमागी उत्तेजना को कम करने की इसकी काबिलियत के कारण ऐसा हो सकता है, जिसे अल्जाइमर रोग और गहरे अवसाद से जोड़ा गया है।
ऐसे में यदि आप चाहते हैं कि आपका दिमाग एक्टिव रहे, भूलने की समस्या न हो, तो हर दिन हल्दी का सेवन करें। साथ ही इसका सेवन वे भी करें, जिन्हें अल्जाइमर की समस्या है। इसे भी पढ़ें- वर्ल्ड अल्जाइमर्स डे 2018 : भविष्य में बचना है अल्जाइमर से, तो लाइफस्टाइल में करें ये बदलाव
दिमाग की बीमारियां होंगी दूर
हल्दी दिमाग में एक ऐसे प्रोटीन को बनने से रोकती है, जो याददाश्त को नुकसान पहुंचाता है।
खून भी होता है
हल्दी सिर्फ अल्जाइमर रोग में ही कारगर नहीं होती, ये कई अन्य रोगों को भी दूर करती है। शरीर के विषैले तत्वों को निकालने और रक्त शुद्धि के लिए हल्दी का जूए सबसे अच्छा विकल्प है। इसे बनाने के लिए कच्ची हल्दी का टुकड़ा या पाउडर, नींबू और नमक चाहिए। पहले आधा नींबू निचोड़ लें फिर इसमें हल्दी और नमक मिक्स करके मिक्सर या ब्लेंडर में ब्लेंड कर लें। अब इस मिश्रण में आवश्यकता के अनुसार पानी मिलाइये और इसका सेवन कीजिए।