स्ट्रेस नहीं हो रहा कम तो डाइट से निकाल दें यह सफेद चीज, स्ट्रेस होता रहेगा कम

नमक की यह अतिरिक्त मात्रा लोगों के हार्ट हेल्थ पर बुरा असर डाल सकती है और इससे ब्लड प्रेशर लेवल बढ़ने, स्ट्रोक, हार्ट अटैक और वैस्कुलर डिमेंशिया स्थितियों का रिस्क बढ़ सकता

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Written By: Sadhna Tiwari | Updated : November 18, 2022 11:24 AM IST

Excess Salt Intake Can Increase Stress Levels: एक नयी स्टडी में दावा किया गया है कि रोजमर्रा के खाने में पड़ना वाला नमक भी स्ट्रेस लेवल बढ़ने या कम होने का कारण बन सकता है। चूहों पर की गयी इस स्टडी में कहा गया कि जिन लोगों की डाइट में नमक की मात्रा अधिक होती है उन्हें गम्भीर तनाव महसूस हो सकता है और लोगों के लिए तनाव की वजह से होने वाली स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा भी बढ़ सकता है। (Excess Salt Intake Can Increase Stress Levels In Hindi)

बता दें कि वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन (World Health Organization) के निर्देशों के अनुसार किसी भी वयस्क व्यक्ति को प्रतिदिन 6 मिग्रा नमक (how much salt an adult person should consume in a day) का सेवन करना चाहिए लेकिन, अधिकांश लोग 9 मिग्रा नमक का सेवन करते हैं। नमक की यह अतिरिक्त मात्रा लोगों के हार्ट हेल्थ पर बुरा असर डाल सकती है और इससे ब्लड प्रेशर लेवल बढ़ने (blood pressure level), स्ट्रोक (stroke), हार्ट अटैक और वैस्कुलर डिमेंशिया (Vascular dementia) जैसी स्थितियों का रिस्क बढ़ सकता है।

नमक से कैसे होता है मेंटल हेल्थ पर असर

गौरतलब है कि इससे पहले की गयी स्टडीज में नमक के नुकसान के बारे में बात की गयी। इसमें हार्ट और सर्कुलेटरी सिस्टम (circulatory system) पर नमक के अधिक सेवन के नुकसान के सबूत मिले थे लेकिन, मानसिक स्वास्थ्य पर नमक के सेवन के नुकसान के बारे में इससे पहले कोई चर्चा नहीं हुई थी।

स्कॉटलैंड की यूनिवर्सिटी ऑफ एडिनबर्ग, (university of edinburgh) के शोधकर्ताओं ने चूहों पर एक स्टडी की जिसमें लो-सॉल्ट डाइट या कम नमक खाने वाले चूहों को अधिक नमक वाले फूड्स खाने के लिए दिए गए।  स्टडी के दौरान देखा गया कि अधिक मात्रा में नमक खाने से चूहों के स्ट्रेस हार्मोन्स (Stress Harmons) का स्तर बढ़ गया। वहीं, साधारण डाइट लेने वाले चूहों के शरीर में स्ट्रेस बढ़ानेवाले हार्मोन्स का स्तर कम ही रहा। एक्सपर्ट्स के मुताबिक नमक की वजह से शरीर में जीन की प्रक्रिया बढ़ जाती है जो ब्रेन में उन प्रोटीन्स का निर्माण बढ़ा देते हैं जिनका मुख्य काम शरीर द्वारा स्ट्रेस हार्मोन्स को प्रतिक्रिया (response to stress hormones) देना है।

हार्ट हेल्थ और स्किन के लिए भी खराब है नमक का सेवन

अमेरिकन जर्नल ऑफ क्लिनिकल न्यूट्रिशन में प्रकाशित एक स्टडी के अनुसार, दुनियाभर में अलग-अलग तरह के कुकिंग मेथड्स से पकाए गए भोजन से लोग रोजाना कम से कम 3.8 ग्राम तक नमक का सेवन करते हैं। यह विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा बतायी गयीं नमक की मात्रा से बहुत अधिक है। अधिक नमक खाने से शरीर की नसें सिकुड़ने लगती हैं। वहीं हार्ट से जुड़ी रक्त धमनियां भी सिकुड़नेलगती हैं जो ब्लड सर्कुलेशन पर प्रभाव डालती है और इससे हार्ट पर दबाव बनता है और हार्ट अटैक या स्ट्रोक का खतरा बढ़ सकता है। इसके साथ ही नमक खाने से ये साइड-इफेक्ट्स भी हो सकते हैं-

  • शरीर में वॉटर रिटेंशन बढ़ सकता है जिससे मोटापा बढ़ता (foods causing obesity) है।
  • स्किन से जुड़ी समस्याएं बढ़ सकती है।
  • इससे शरीर में  इलेक्ट्रोलाइट बैलेंस बिगड़ सकता है।
  • अनिद्रा या नींद न आने की परेशानी हो सकती है।
  • पेट फूलने या ब्लोटिंग (abdominal bloating) जैसी परेशानियां हो सकती हैं।