बालों की डेंसिटी कम होने का क्या कारण होता है?

Hair Density Kam Hone Ka Karan: क्या आपके बाल इतने कम हो गए हैं कि स्कैल्प गंजी दिखने लगी है? अगर हां तो इसके कई कारण हो सकते हैं। जिनके बारे में आज हम आपको बताने वाले हैं। साथ ही 2 ऐसे उपाय बताएंगे जो हेयर डेंसिटी को बेहतर बना सकते हैं।

WrittenBy

Written By: Vidya Sharma | Published : June 2, 2026 3:30 PM IST

Hair Density Kya Hoti Hai Or Kaise Thik Ho Sakti Hai: घने और हेल्दी बाल एक तो हर किसी की चाहत होते हैं और दूसरा यह हमारा आत्मविश्वास भी बढ़ाते हैं। लेकिन अब वो जमाना नहीं है जब महिलाओं की उम्र बढ़ने के साथ भी बाल मोटे और घने रहते थे। आज वो समय है जब बच्चा-बच्चा अपने झड़ने व पतले होते बालों से परेशान है। लोग शिकायत करते हैं कि उनके बाल पहले की तुलना में पतले हो गए हैं और स्कैल्प ज्यादा दिखने लगी है।

यानी कि जिस महिला या पुरुष के सिर पर अधिक बात होते हैं तो उसे हाई डेंसिटी कहा जाता है और जिसके कम बाल होते हैं और स्कैल्प दिखती है उसे लो डेंसिटी। बता दें कि स्कैल्प के प्रति वर्ग इंच में कितने बाल उगते हैं, इसे बालों का घनत्व कहा जाता है। लेकिन ऐसा क्यों होता है कि किसी घरने बाल कुछ समय बाद या एक उम्र से बाद अपना घनत्व खो देते हैं और पतले हो जाते हैं?

होर्मोन इंबैलेंस बिगड़ना है पहला कारण

इसमें कोई दो राय नहीं है कि बालों की डेंसिटी कम होने के पीछे हार्मोनल बदलाव होता है। महिलाओं में पीसीओएस (PCOS), थायरॉइड की समस्या, प्रेग्नेंसी के बाद होने वाले हार्मोनल परिवर्तन और मेनोपॉज के दौरान बाल झड़ने की समस्या बढ़ सकती है। वहीं पुरुषों में एंड्रोजेनिक एलोपेसिया के कारण बाल पतले हो सकते हैं।

तनाव और मानसिक स्वास्थ्य

आजकल कॉलेज जाते नौजवान बच्चों के बाल भी बहुत ही पतले होने लगे हैं, जिसका कारण है बढ़ता स्ट्रेस और खराब होती मेंटल हेल्थ। तनाव के कारण टेलोजन एफ्लुवियम नाम की स्थिति पैदा हो सकती है, जिसमें बड़ी संख्या में बाल समय से पहले झड़ने लगते हैं। नींद पूरी न होना और लगातार मेंटल प्रेशर भी हेयर क्वालिटी और डेंसिटी को प्रभावित कर सकते हैं।

गलत हेयर केयर हैबिट्स फॉलो करना

आपने देखा होगा कि बार-बार हेयर कलर, स्ट्रेटनिंग, केमिकल ट्रीटमेंट या बहुत ही अधिक मात्रा में हीट स्टाइलिंट का इस्तेमाल करने से बालों को नुकसान पहुंता है। वहीं अगर आप स्कैल्प के अनुसार शैम्पू या अपनेय हेयर प्रोडक्ट का इस्तेमाल भी नहीं करते हैं तो यह स्कैल्प और हेयर डेंसिटी पर असर डालता है। पोनीटेल या जूड़ा भी बालों की जड़ों पर लगातार खिंचाव डालते हैं, जिससे बाल कमजोर होकर टूटने लगते हैं। इसे ट्रैक्शन एलोपेसिया कहा जाता है।

आप बालों की डेंसिटी बढ़ाने के लिए कुछ घरेलू नुस्खे अपना सकते हैं

अगर आप बालों की डेंसिटी को पहले जैसा मोटा और घना बनाना चाहते हैं तो 2 नुस्खे आपके लिए फादेमंद साबित हो सकते हैं। इसमें पहला है- 

मेथी का पानी

देखें मेथी के पानी में प्रोटीन और निकोटिनिक एसिड प्रचुर मात्रा में पाया जाता है, जो बालों की लेंथ को बढ़ाने, उनमें शाइन लाने और जड़ से मजबूत बनाने का काम करते हैं। आपको बस करना यह है कि 1 गिलास पानी में 1-1/2 चम्मच मेथी दाना भिगोकर रातभर के लिए छोड़ देना है। सुबह तक आप देखेंगे कि पानी का रंग हल्का पीला हो गया है। मेथी को खा लें और इसके पानी को स्प्र बोतल में भरकर रख दें। 

आप इसे रोजाना हेयर वॉश करने से 1 घंटे पहले या फिर रात को सोने से पहले बालों पर स्प्रे करें। आप चाहें तो मेथी के बीज को पानी में उबाल भी सकते हैं।

आंवला का तेल

आंवला में विटामिन सी पाया जाता है जो हेयर ग्रोथ को तेज करता है। वहीं इसमें मौजूद एंटीफंगल और एंटी इंफ्लामेटरी गुण स्कैल्प को साफ करने, खुजली को कम करने और रूसी कम करने में मदद करते हैं। इसके अलावा आंवला मेलेनिन प्रोडक्शन और कोलेजन को बढ़ाकर बालों को सफेद होने से रोकता है और उनमें चमक पैदा करता है।

डिस्क्लेमर: बालों का झड़ना आम समस्या है, लेकिन अगर लगातार हेयर फॉल से बालों की डेंसिटी कम होने लगे तो इसे गंभीरता से लें। इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं, इसलिए खुद से उपाय आजमाने की बजाय हेयर एक्सपर्ट के पास जाएं। वह आपको सही गाइड करेंगे।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source