Side Effects of Triphala: त्रिफला चूर्ण के अधिक सेवन से हो सकते हैं ये गंभीर नुकसान

Side Effects of Triphala in Hindi: आयुर्वेद में त्रिफला के कई फायदे बताए गए हैं, लेकिन सीमित मात्रा में इसका सेवन ना करने से आपको कुछ गंभीर नुकसान भी हो सकते हैं....

WrittenBy

Written By: Anshumala | Updated : July 30, 2021 7:37 AM IST

Side Effects of Triphala in Hindi: त्रिफला एक बेहद ही हेल्दी हर्ब है, जिसका मतलब होता है तीन फल यानी ये तीन फलों से बनकर तैयार होता है। इन तीन फलों में बिभितकी (Bibhitaki), हरितकी (Haritaki) और अमलकी (Amalaki) शामिल होते हैं। वर्षों से आयुर्वेद में त्रिफला (Triphala Benefits) का कई समस्याओं को दूर करने के लिए इस्तेमाल किया जाता रहा है। त्रिफला में कई तरह के एसिड होते हैं, जो एंटी-ऑक्सीडेंट्स की तरह होते हैं। इसके अलावा इसमें विटामिन सी, फ्लेवोनॉएड, पॉलीफेनोल होते हैं। यह एक एंटी-इंफ्लेमेटरी, एंटी-डायरियल, एंटीबायोटिक जैसे तत्वों से भरपूर होता है। हालांकि, इसके सेहत पर कई लाभ होते हैं। कब्ज की समस्या को दूर करने के लिए त्रिफला चूर्ण का सेवन पानी के साथ रात में सोने से पहले किया जाता है। इससे पेट भी साफ व स्वस्थ रहता है। लेकिन, अधिक इस्तेमाल से कुछ नुकसान भी हो सकते हैं। जानें, त्रिफला से होने वाले नुकसान (Side Effects of Triphala in Hindi) क्या होते हैं.....

त्रिफला चूर्ण के अधिक सेवन के नुकसान (Side Effects of Triphala in Hindi)

1 अधिक मात्रा में त्रिफला चूर्ण के सेवन से शरीर डिहाइड्रेशन (Dehydration) का शिकार हो जाता है। त्रिफला पेट की सफाई करने के साथ ही पाचन प्रणाली को मजबूत बनाता है, लेकिन इस दौरान शरीर में मौजूद पानी का इस्तेमाल अधिक कर लेता है, जिससे आपको डिहाइड्रेशन की समस्या हो सकती है।

2 त्रिफला चूर्णके बहुत अधिक सेवन से आपको कुछ पेट संबंधित समस्याएं (Triphala Khane ke Nuksan) भी हो सकती हैं। पेट में सूजन, दबाव भी महसूस हो सकता है। हालांकि, इसका इस्तेमाल कब्ज की समस्या को दूर करने के लिए किया जाता है, लेकिन इस चूर्ण का सेवन अत्यधिक करते हैं डायरिया, आंव, पेचिश आदि की समस्या भी हो सकती है।

3 यदि किसी को कोई एलर्जी की समस्या है, तो त्रिफला चूर्ण का सेवन बंद कर दें। लगातार अधिक मात्रा में इसका सेवन खुजली, मुंह में सूजन, स्किन पर लाल चकत्ते, गले में सूजन, सांस की तकलीफ जैसी समस्या भी झेलनी पड़ सकती है। बेहतर है कि किसी आयुर्वेदाचार्य से सलाह लेकर ही इसका सेवन करें।

4 गर्भवति महिलाओं को त्रिफला का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए। यह शिशु के विकास को बाधित कर सकता है। इससे मिसकैरेज होने की संभावना (Triphala churna adhik Khane ke Nuksan)रहती है।

5 हालांकि, पाचन क्रिया को दुरुस्त रखने के लिए त्रिफला को जरूरी औषधि माना गया है, लेकिन इसका अधिक सेवन करने से आंतों में सूजन, अतिसार हो सकता है। इसके अलावा, नींद ना आने की समस्या हो सकती है। डायरिया हो सकता है। ब्लड शुगर लेवल बढ़ने लगता है।

Add The Health Site as a Preferred Source Add The Health Site as a Preferred Source