hamburger icon
A
Read in English

मानसून में पिएं इन 5 जड़ी-बूटियों से बना काढ़ा, रहेंगे स्वस्थ और बीमारियों से होगा बचाव

मानसून में इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाने और मौसमी बीमारियों से बचने के लिए आप इन जड़ी-बूटियों का काढ़ा बनाकर पी सकते हैं। इनमें कई औषधीय गुण होते हैं, जो शरीर को बीमारियों से लड़ने में मदद करते हैं।

WrittenBy

Written By: Anju Rawat | Published : July 7, 2026 6:06 PM IST

WrittenBy

Medically Verified By: Dr Shrey Sharma

Kadha for Monsoon: बारिश के मौसम में नमी बढ़ने की वजह से बैक्टीरिया, वायरस और फंगस तेजी से पनपने लगते हैं। यही वजह है कि इस मौसम में कई तरह की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। मानसून में सर्दी-जुकाम, वायरस बुखार, खांसी, गले में खराश और पेट में संक्रमण जैसी समस्याओं का खतरा ज्यादा बना रहता है। इसलिए इन बीमारियों से लड़ने के लिए शरीर का इम्यून सिस्टम मजबूत होना बहुत जरूरी है। इसके लिए आप कुछ जड़ी-बूटियों का काढ़ा पी सकते हैं।

1. गिलोय का काढ़ा पिएं

मानसून में स्वस्थ रहने के लिए आप गिलोय का काढ़ा पी सकते हैं। आयुर्वेद में गिलोय को औषधीय गुणों से भरपूर बताया गया है। रामहंस चेरिटेबल हॉस्पिटल, सिरसा के आयुर्वेदिक डॉ. श्रेय शर्मा बताते हैं कि आयुर्वेद में गिलोय के काढ़े को शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता के सामान्य कार्य को समर्थन देने में सहायक माना जाता है। गिलोय में एंटीऑक्सीडेंट्स गुण पाए जाते हैं, जो शरीर को स्वस्थ बनाए रखने में मदद करते हैं। लेकिन, लंबे समय ज्यादा मात्रा में गिलोय का काढ़ा पीने से बचें। वहीं, अगर आपको कोई स्वास्थ्य समस्या है तो गिलोय का काढ़ा पीने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।

2. मुलेठी का काढ़ा पिएं

आयुर्वेद में मुलेठी के काढ़े को भी बेहद फायदेमंद बताया गया है। आयुर्वेद में मुलेठी को सर्दी-खांसी और जुकाम के लिए औषधि के रूप में उपयोग किया जाता है। इसमें ग्लाइसिराइजिन नामक यौगिक पाया जाता है, जो गले से जुड़ी समस्याओं में आराम दिलाता है। मानसून में श्वसन-तंत्र से जुड़ी समस्याओं का खतरा बढ़ जाता है, इसलिए इस मौसम में मुलेठी का काढ़ा पीना लाभकारी हो सकता है। इससे सूखी खांसी से भी राहत मिल सकती है। लेकिन, हाई बीपी या प्रेग्नेंसी में मुलेठी का काढ़ा पीने से पहले एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें।

3. तुलसी का काढ़ा पिएं

आयुर्वेद में तुलसी को औषधीय गुणों से भरपूर बताया गया है। इसमें यूजेनॉल जैसे तत्व पाए जाते हैं, जो सूजन कम करने में मदद करते हैं। तुलसी का काढ़ा गले की खराश को कम करने और मौसमी बीमारियों-संक्रमणों से बचाने में मदद कर सकता है। यह शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में मदद करता है। इसके लिए आप तुलसी की पत्तियां लें और इन्हें पानी में अच्छी तरह से उबालें। अब आप इस पानी को छानकर पी सकते हैं।

4. अदरक का काढ़ा पिएं

मानसून में अदरक का काढ़ा पीना भी काफी फायदेमंद माना जाता है। अदरक में जिंजरॉल होता है, जो पाचन क्रिया को बेहतर बनाने में मदद करता है। यह मतली की समस्या को भी कम करने में मदद कर सकता है। अगर आपको गले में खराश रहती है, तो अदरक का काढ़ा पीना फायदेमंद हो सकता है।

Disclaimer: मानसून में स्वस्थ रहने के लिए आपको अपनी डाइट का खास ख्याल रखना चाहिए। इस मौसम में आपको फिल्टर और उबला हुआ पानी पीना चाहिए। साथ ही, आप इन जड़ी-बूटियों से बना काढ़ा भी पी सकते हैं। काढ़ा पीने से शरीर को गर्माहट मिलती है और सेहत को बेहतर बनाए रखने में मदद मिल सकती है। लेकिन, आपको बता दें कि कोई भी काढ़ा किसी बीमारी का इलाज नहीं होता है। इसलिए अगर आपको कोई स्वास्थ्य समस्या है, तो डॉक्टर से जरूर मिलें और समय पर इलाज कराएं।