क्या इन आयुर्वेदिक दवाओं से टूटे हुए बाल भी आ सकते हैं वापस? आयुर्वेद एक्सपर्ट से जानें असली सच

Kya baal wapas a sakte hain: बालों का झड़ना आज के समय में एक बेहद परेशान कर देने वाली समस्या बन चुकी है और बहुत से लोगों के मन में रहता है कि क्या टूटा हुआ बाल फिर से आ सकता है। आयुर्वेद एक्सपर्ट से जानें इसका सच।

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Written By: Mukesh Sharma | Published : March 17, 2025 7:01 PM IST

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Does hair regrow after hair fall: बालों का झड़ना और गंजापन आजकल एक आम समस्या बन गई है। लोग अपने बालों को फिर से घना और मजबूत बनाने के लिए कई उपायों को अपनाते हैं, जिनमें आयुर्वेद एक प्रभावी विकल्प के रूप में सामने आता है। आयुर्वेदिक दृष्टिकोण से बालों का झड़ना शारीरिक असंतुलन, हॉर्मोनल परिवर्तन और गलत जीवनशैली का परिणाम हो सकता है। आयुर्वेदिक डॉक्टर रेखा राधामोनी के अनुसार, आयुर्वेद इस समस्या का समाधान प्रदान कर सकता है। दरअसल डॉक्टर रेखा ने अपने इंस्टाग्राम पर 30 सेंकेंट का एक वीडियों पोस्ट किया जिसमें उन्होंने बाल झड़ने और गंजेपन की समस्या से निपने के तरीके बताएं। साथ ही इस बात पर भी जोर दिया कि आयुर्वेदिक उपचार के लिए आंतरिक संतुलन बनाए रखना बेहद जरूरी है। तो चलिए जानते हैं कि आयुर्वेदिक डॉक्टर रेखा राधामोनी ने उपचार के किन तरीकों पर जोर दिया है।

वात व पित्त दोष के असंतुलन का परिणाम

आयुर्वेद के विशेषज्ञों के अनुसार, बालों का गिरना पित्त और वात दोष के असंतुलन का परिणाम हो सकता है। पित्त दोष के बढ़ने से सिर में जलन, खुजली और बालों का झड़ना शुरू हो सकता है, जबकि वात दोष के असंतुलन से बालों की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है। आयुर्वेदिक उपचार में मुख्य रूप से जड़ी-बूटियां, तेल और आहार की दिशा-निर्देश शामिल हैं, जो शरीर के अंदर से उपचार करते हैं। डॉ. रेखा राधामोनी का कहना है कि बालों के पुनर्निर्माण में आयुर्वेदिक तेलों का बड़ा योगदान है, जैसे आंवला तेल, भ्रिंगराज तेल, और नीम तेल। ये तेल सिर की त्वचा को पोषण देते हैं, रक्त परिसंचरण को बढ़ाते हैं और बालों के रोम को मजबूत करते हैं। साथ ही, आयुर्वेद में शरीर के अंदर से शक्ति लाने के लिए आहार की सलाह दी जाती है, जैसे कि ताजे फल, हरी पत्तेदार सब्जियाँ और प्रोटीन युक्त खाद्य पदार्थ।

अपनाएं आयुर्वेद जीवनशैली

इसके अलावा, आयुर्वेद जीवन शैली में भी बदलाव की सलाह देता है, जैसे नियमित रूप से योग और प्राणायाम करना, पर्याप्त नींद लेना और मानसिक तनाव को कम करना। यह सभी उपाय मिलकर शरीर को आंतरिक रूप से स्वस्थ बनाते हैं, जिससे बालों का गिरना यानी गंजापन रुक सकता है और बाल घने हो सकते हैं। लेकिन ध्यान दें कि आयुर्वेद बालों के स्वास्थ्य को सुधारने में मदद कर सकता है, लेकिन इसके लिए धैर्य और निरंतरता की आवश्यकता होती है। बालों को वापस लाने के लिए केवल बाहरी उपचार ही पर्याप्त नहीं हैं। शरीर के आंतरिक संतुलन को भी महत्वपूर्ण रूप से ध्यान में रखना चाहिए।

अस्वीकरण: प्रिय पाठकों यह आर्ट‍िकल केवल सामान्य जानकारी और सलाह देता है। यह किसी भी तरह से चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। इसलिए अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श जरूर करें। thehealthsite.com इस जानकारी के लिए ज‍िम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

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