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Seseame Oil Health Benefits: खाना बनाने के लिए अलग-अलग तरह के कूकिंग ऑयल इस्तेमाल किए जाते हैं। देश के उत्तरी भाग में जहां सरसों का तेल काफी पसंद किया जाता है वहीं गुजरात और मध्य प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मूंगफली के तेल में रोजमर्रा का खाना पकाया जाता है। जबकि तटवर्ती राज्यों में नारियल के तेल में भी कूकिंग की जाती है। इसके अलावा सनफ्लॉवर ऑयल, सोयाबीन का तेल और ऑलिव ऑयल (Olive Oil) का भी हमारे देश की रसोइयों में काफी प्रयोग किया जाता है। लेकिन, क्या आपने तिल के तेल की खूबियों के बारे में सुना है?
तिल का तेल (Til ka tel) सर्दियों में खासतौर पर खाने में मिलाया जाता है। दरअसल, यह तेल स्वादिष्ट होने के साथ-साथ सर्दियों के नुकसान से शरीर को सुरक्षित रखने का काम करता है। इसीलिए, देश के हिस्सों में सर्दियों में तिल के तेल का सेवन (Til ke tel ke fayde) जरूर किया जाता है। इस लेख में जानते हैं रोजमर्रा की कूकिंग के लिए तिल के तेल का इस्तेमाल करने के फायदों के बारे में।
तिल के तेल में ओमेगा-3 फैटी एसिड्स और ओमेगा-6 फैटी एसिड्स पाए जाते हैं जो हड्डियों, ब्रेन और स्किन के लिए बहुत फायदेमंद बताए जाते हैं। वहीं, इस तेल में विटामिन ई (Vitamin E Rich cooking oil) और विटामिन बी (Vitamin B) भी पाया जाता है। वहीं, तिल के तेल में एंटीऑक्सीडेंट्स के अलावा पॉलीअनसेचुरेटेड फैट्स भी पाए जाते हैं। ये सभी तत्व फेफड़ों, हार्ट और रोग-प्रतिरोधक शक्ति (Immune power boosting cooking oil) के लिहाज से फायदेमंद होते हैं।
ठंड से सुरक्षा पाने के लिहाज से तिल के तेल का सेवन लाभकारी बताया जाता है। यह शरीर को ऊष्मा देता है और ठंड से होने वाले नुकसान से बचाता है।
तिल के तेल में पाए जाने वाले हेल्दी फैट्स शरीर में कोलेस्ट्रॉल लेवल को बढ़ने से रोकता है जिससे हार्ट हेल्थ बेहतर होती है और यह स्ट्रोक जैसी स्थितियों से आपको सुरक्षित रखती है।
जिन लोगों को हड्डियों और मसल्स में दर्द महसूस होता है उन्हें तिल के तेल में पका खाना खाने की सलाह दी जाती है। तिल का तेल मांसपेशियों और हड्डियों को मजबूती देता है जिससे दर्द कम होता है।
तिल के तेल में मौजूद कुछ तत्व तनाव कम करने में कारगर हैं। तिल के तेल में टायरोसिन पाया जाता है। यह एक अमीनो एसिड है जो तनाव बढ़ाने वाले हार्मोन्स का लेवल संतुलित करता है। इसीलिए जब आप तिल के तेल में खाना बनाकर खाते हैं तो इससे आपको ना केवल तनाव से आराम मिलता है बल्कि आपकी ओवरऑल मेंटल हेल्थ में सुधार होता है।
कूकिंग के अलावा तिल के तेल से मालिश भी की जा सकती है। थकान और स्ट्रेस कम करने के लिए सिर में तिल के तेल से मालिश की जाती है। वहीं, मकर संक्रांति (Makar Sankranti 2024 ) पर तिल के तेल से शरीर की मालिश की जाती है, जो संक्रमण, सर्दी और मौसमी बीमारियों से आपको सुरक्षित रखता है।