
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Written By: Sadhna Tiwari | Updated : July 26, 2024 5:50 PM IST
Balam Kheera health benefits: आयुर्वेद में हर छोटी-बड़ी हेल्थ प्रॉब्लम के इलाज के लिए नेचुरल इंग्रीडिएंट्स के इस्तेमाल पर जोर दिया गया है। इसमें कई ऐसी चीजों के बारे में लिखा गया है जो समस्याओं को मूल कारण और उसके लक्षणों से राहत दिलाते हैं और इस तरह किसी भी बीमारी को मैनेज करने में आसानी होती है। पेड़ों की छाल, पत्तियों, फूलों और फलों की मदद से बीमारियों का इलाज किया जाता रहा है। ऐसा ही एक नेचुरल फ्रूट है जो आयुर्वेद में औषधी का महत्व रखता है। इस फल का नाम बालम खीरा है।
बालम खीरा, पहाड़ी खीरा (Pahadi Kheera) या किगेलिया अफ्रिकाना (Kigelia Africana) एक प्रकार का खीरा है जो पेड़ों की शाखाओं पर उगते हैं। इनके पेड़ भी काफी बड़े होते हैं और फल भी 4-5 किलो वजन वाले और 2 फीट तक लम्बे भी होते हैं।
एक्सपर्ट्स के अनुसार बालम खीरा के फल के अलावा इसकी छाल का पाउडर और पत्तियों का भी घरेलू नुस्खों में इस्तेमाल होता है। बालम खीरा में आयरन और एंटीऑक्सीडेंट्स के अलावा कैल्शियम, जिंक, मैग्नीशियम, क्रोमियम जैसे न्यूट्रिएंट्स भी इसमें पाएं जाते हैं।
पेड़ से फल तोड़कर इसका सीधा सेवन नहीं करना चाहिए। वहीं, बालम खीरा का कच्चा फल जहरीला होता है। इसीलिए, इसका सेवन नुकसानदायक हो सकता है। बालम खीरा का सेवन करने से पहले हमेशा किसी आयुर्वेदिक एक्सपर्ट या डॉक्टर से बात जरूर कर लें। उनकी सलाह के अनुसार ही बालम खीरा को अन्य किसी चीज के साथ मिक्स करके खाएं।
बालम खीरा के सूखे फलों को पीसकर इसका पाउडर बनाया जाता है। इसका चूर्ण किडनी की पथरीके घरेलू नुस्खे के तौर पर इस्तेमाल किया जाता है। यह स्टोन्स की समस्या में बहुत कारगर होता है और धीरे-धीरे पथरियों को गला देता है।
बालम खीरे के बीजों में कॉन्स्टिपेशन से राहत दिलाने वाले गुण होते हैं। इसमें पानी और डाइटरी फाइबर दोनों की मात्रा अधिक होती है। यह पेट की बीमारियां दूर करता है।
शरीर के किसी हिस्से में सूजन की समस्या हो तो बालम खीरे की छाल का पेस्ट लगाया जा सकता है। इसी तरह मच्छरों और सांप काटने के बाद भी इसका इस्तेमाल किया जाता है।