
साधना तिवारी
साधना तिवारी 15 वर्षों से मीडिया क्षेत्र में हैं। लगभग 9 वर्षों से अधिक समय से ZEE ग्रुप के साथ जुड़ी हुई ... Read More
Ayurvedic Treatment for Swine Flu: स्वाइन फ्लू एक वायरल बीमारी है जो बीते कुछ वर्षों से हर साल बरसात और ठंड के मौसम में आसानी से फैलता बढ़ जाता है। स्वाइन फ्लू में जुकाम की तरह की समस्याएं दिखायी देती हैं। इस साल की बरसात के साथ ही महाराष्ट्र और देश के कुछ अन्य हिस्सों से स्वाइन फ्लू के मामले (swine flu cases in Maharashtra) पाए जाने की खबरें आ रही हैं। स्वास्थ्य इकाइयों द्वारा लोगों से जहां सावधान रहने की अपील की गयी है वहीं,प्रशासन द्वारा भी इस बीमारी के प्रसार को रोकने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। स्वाइन फ्लू के प्रमुख लक्षणों की बाद की जाए तो उसमें सर्दी-खांसी, गले में खिचखिच, कमजोरी, मसल्स पेन, डायरिया, उल्टी, थकान (fatigue) और बहती नाक जैसे लक्षण (Symptoms of Swine Flu) दिखायी देते हैं। स्वाइन फ्लू के इलाज के लिए एलोपैथी में कई प्रकार की दवाइयां उपलब्ध हैं वहीं, आयुर्वेद में भी स्वाइन फ्लू के लक्षणों राहत दिलाने वाले कई तरीके मौजूद हैं। आयुर्वेदिक दवाइयों की मदद से बीमारियों का इलाज कराने का सबसे बड़ा फायदा यह है कि आयुर्वेदिक उपचार के साइड-इफेक्टस कम होते हैं। यहां पढ़ें स्वाइन फ्लू के कुछ आसान घरेलू उपायों के बारे में। (Ayurvedic Treatment for Swine Flu in Hindi.)
