
किशोरी मिश्रा
किशोरी मिश्रा को डिजिटल मीडिया का लगभग 8+ वर्षों का व्यापक अनुभव है, जिसमें स्वास्थ्य (Health) और जीवनशैली ... Read More
Written By: Kishori Mishra | Updated : December 9, 2023 6:22 PM IST
पेशाब की थैली में पथरी के लक्षण कई बार हल्के होते हैं।
Ayurvedic Herbs for Gallbladder Stone : आज के समय में लोगों को कई तरह की परेशानियां हो रही हैं, जिसमें पथरी होना शामिल है। पथरी की परेशानी होने पर शरीर में कई तरह के लक्षण दिखते हैं। मुख्य रूप अगर पित्त की थैली हो जाए, तो इसे बाहर निकालना काफी मुश्किल हो जाता है। पित्त की थैली में पथरी होने पर कई तरह के लक्षण नजर आते हैं, इन लक्षणों में बदहजमी, खट्टी डकार, पेट फूलाना, एसिडिटी, उल्टी होना, पेट में भारीपन महसूस होना, उल्टी और पसीना आना जैसे लक्षण शामिल हैं। इन लक्षणों में सुधार करने के लिए आप कुछ आयुर्वेदिक हर्ब्स की मदद ले सकते हैं। आइए जानते हैं पित्त की पथरी का इलाज करने में फायदेमंद होने वाली आयुर्वेदित हर्ब्स?
पित्त की पथरी का इलाज करने में सिंहपर्णी काफी ज्यादा फायदेमंद हो सकता है। यह शरीर की विषाक्तता को कम कर सकता है। इसका सेवन करने के लिए 1 कप पानी लें, इसमें 1 चम्मच सिंहपर्णी के पत्तों का पाउडर मिक्स करें। अब इसका सेवन करें। आप चाहें तो शहद के साथ मिक्स करके इसका सेवन कर सकते हैं।
पित्ताशय की थैली की पथरी का इलाज करने के लिए पुदीने की पत्तियां काफी प्रभावी दवाओं में से एक है। इसमें टेरपिन नामक यौगिक मौजूद होता है, जो पथरी को प्रभावी रूप से तोड़ने का कार्य कर सकता है। अगर आप पथरी का इलाज करना चाहते हैं, तो इसकी पत्तियों का चाय पी सकते हैं।
इसबगोल में फाइबर की काफी अच्छी मात्रा होती है, जो पथरी का इलाद करने में मददगार हो सकता है। यह यह पित्त में कोलेस्ट्रॉल को बांधता है और पथरी को बढ़ने से रोक सकता है। अगर आप रात में सोने से पहले 1 गिलास पानी में इसबगोल को मिक्स करके लेते हैं, तो इससे काफी हद तक पथरी का इलाज किया जा सकता है।
पित्ताशयद की थैली में पथरी की परेशानी को दूर करने के लिए विटामिन सी युक्त आहार का सेवन करें। विटामिन-सी कोलेस्ट्रॉल को पित्त अम्ल में बदलता है, जो पथरी को तोड़ने में मददगार हो सकता है। अगर आप पित्ताशय की पथरी का इलाज करनी चाहते हैं, तो विटामिन सी युक्त आहार का सेवन करें।
हल्दी का सेवन करने से पित्ताशय की पथरी का इलाज करने में यह काफी फायदेमंद हो सकता है।यह एंटी ऑक्सीडेंट और एंटी इंफ्लेमेट्री गुणों से भरपूर होता है, जो पित्त की थैली में जमा पथरी का इलाज करने में प्रभावी हो सकता है। इसका सेवन करने के लिए एक चम्मच हल्दी का सेवन करें। इसके नियमित रूप से सेवन करने से 80 प्रतिशत पथरी की परेशानियों को कम किया जा सकता है।
पित्त की थैली में जमा पथरी का इलाज करने में ये आयुर्वेदिक हर्ब्स कारगर हो सकते हैं। हालांकि, ध्यान रखें कि अगर आपकी स्थिति काफी ज्यादा गंभीर हो रही है, तो ऐसे में एक्सपर्ट की मदद लें।